भवन का किराया एवं कर्मचारियों का वेतन भी देना मुश्किल हो गया है। इस परिस्थिति से अवगत कराने हेतु एवं सैलून के संचालन की अनुमति हेतु जिला ब्यूटी पार्लर के प्रतिनिधि शुक्रवार सुबह कलेक्टर कार्यालय आवेदन देने पहुंचे।
राजनांदगांव के ग्रीन जोन में आ जाने से सभी ब्यूटी पार्लर की उम्मीदें बन गई थी कि अब केंद्र सरकार के हरी झंडी देने के पश्चात, जिले में भी सलोन का संचालन प्रारंभ हो पाएगा। परंतु इसके पश्चात भी जिले भर के सलोन में पाबंदी है, ज्ञात हो कि प्रदेश के कई जिलों में ब्यूटी पार्लर के संचालन को गाइडलाइन के साथ अनुमति दे दी गई है।
इसी मद में आवेदन देने हेतु समस्त ब्यूटी पार्लर के प्रतिनिधिओं ने शुक्रवार को कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने आवेदन में स्पष्ट किया है कि समस्त गाइडलाइन का पालन करते हुए एवं क्षमता से सिर्फ 50% ही स्टाफ एवं ग्राहकों कोई अनुमति दी जाएगी एवं स्वच्छता और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए पार्लर का संचालन किया जाएगा।
अंकिता ब्यूटी सलोन की निदेशक रेखा साहू जी ने बताया के ब्यूटी सलोन के क्षेत्र में अधिकतर महिलाये ही होती है, एवं इस क्षेत्र में अधिकतर ऐसी महिलाएं हैं जिन पर अपने घर के खर्चे का भार पूर्णतः होता है एवं वह पूरी तरह से इसी व्यवसाय पर ही निर्भर हैं। जिस वजह से उन्हें अपना परिवार चलाने में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।अलीशा ब्यूटी पार्लर की निदेशक अलीशा जी ने आगे बताया कि इस व्यवसाय से अधिकतर महिला कर्मचारी ही जुड़े हैं एवं गरीब वर्ग से होते हैं जो अपने परिवार के खर्च में योगदान करते है। ऐसे में आत्मनिर्भर महिलाएं है उन्हें बहुत सी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में सभी को शासन एवं प्रशासन से काफी उम्मीदे है के उन्हें जल्द से जल्द अनुमति मिल जाएगी।परिसर में मौजूद प्रतिनिधिओं में, क्यूट ब्यूटी पार्लर, मोनालिसा ब्यूटी पार्लर, मुस्कान ब्यूटी पार्लर, टच एंड ग्लो, सोफ़िया ब्यूटी पार्लर, वैष्णवी ब्यूटी पार्लर एवं दुर्गा ब्यूटी पार्लर मौजूद थे
