राजनांदगांव। मंगलवार से मेडिकल कालेज अस्पताल का संचालन पेंड्री स्थित नई बिल्डिंग में शुरू हो गया है। पहले दिन मेडिकल अस्पताल में 41 नए मरीज भर्ती हुए। वहीं ओपीडी में 171 रोगियों का चेकअप हुआ। इधर जिला अस्पताल की ओपीडी में पहले दिन 281 मरीज पहुंचे।
पहला दिन होने की वजह से दोनों ही जगह कर्मचारियों के साथ इलाज के लिए पहुंचे मरीजों को भी परेशान होना पड़ा। शिफ्टिंग के बाद मेडिकल कालेज अस्पताल के डाक्टरों की कसरत भी शुरू हो गई। ऐसा इसलिए क्योंकि मेडिकल अस्पताल को तो शिफ्ट कर लिया गया है, पर मरीज जिला अस्पताल में ही भर्ती है। इसके कारण मेडिकल कालेज के डाक्टरों को भर्ती मरीजों को देखने के लिए जिला अस्पताल तक कसरत करनी पड़ी। ऐसी कई दिक्कतें हैं जो शुरुआत दिनों में डाक्टरों व स्टाफ कर्मियों के साथ भर्ती मरीजों को परेशान करेगी। सबसे बड़ी समस्या स्टाफ की है। अस्पताल का बंटवारा होने के बाद दोनों ही जगह डाक्टर व अन्य स्टाफ की कमी हो गई है।
कर्मचारियों को कुर्सी तक नहीं मिली पहले दिन ओपीडी पर्ची काउंटर के कर्मचारियों को मेडिकल कालेज अस्पताल में कुर्सी तक नसीब नहीं हुई है। कर्मचारियों को पूरा दिन खड़े-खड़े ही पर्ची काउंटर में काम करना पड़ा। अव्यवस्था को लेकर मरीजों के स्जवनों में नाराजगी भी देखी गई। इधर जिला अस्पताल में पर्ची काउंटर के लिए कर्मचारियों की ही कमी हो गई है। दूसरे विभाग के कर्मचारियों की ओपीडी पर्ची काउंटर में ड्यूटी लगाई गई। तब जाकर ओपीडी में आए मरीजों को पर्ची मिली।
भर्ती मरीज भी हुए परेशान : जिला अस्पताल से मेडिकल कालेज अस्पताल अलग तो हो गया है, लेकिन मेडिकल अस्पताल के मरीज जिला अस्पताल में ही भर्ती है। करीब 130 मरीज जिला अस्पताल में भर्ती हैं, जिन्हें देखने के लिए राउंड पर मेडिकल अस्पताल के डाक्टरों को पहले दिन ही जिला अस्पताल आना पड़ा। मरीजों को मेडिकल अस्पताल में शिफ्ट करने तक डाक्टरों को इसी तरह की भाग-दौड़ करनी पड़ेगी।
पहले दिन से दोनों जगह ओपीडी
पेंड्री में मेडिकल कालेज अस्पताल और बसंतपुर में जिला अस्पताल दोनों ही जगह पहले दिन ओपीडी चालू रही। जिला अस्पताल में सुबह नौ बजे से दोपहर एक बजे तक और शाम को पांच बजे से सात बजे तक ओपीडी खुली रही। यहां कुल 281 मरीजों का इलाज हुआ। वहीं मेडिकल अस्पताल में सुबह नौ बजे से दोपहर दो बजे तक ओपीडी चालू रही, जिसमें 171 मरीजों का चेकअप हुआ और 41 नए मरीज भर्ती किए गए। जिला अस्पताल के सिविल सर्जन डा. यूके चंद्रवंशी ने कहा कि पहले दिन थोड़ी अव्यवस्था तो रही। कल से स्थाई व्यवस्था बनाएंगे। भर्ती मरीजों को देखने के लिए मेडिकल कालेज से डाक्टर आ रहे हैं।
