0 जनता से अपील ना कर निर्णय लेना अन्याय
राजनांदगांाव। शहर जिला महिला कांग्रेस की उपाध्यक्ष श्रीमती कुसुम दुबे ने केंद्र सरकार के गैस सब्सिडी राशि समाप्त करने वाले तुगलकी फरमान को रसोई अन्याय करार दिया है क्योकि यदि जनता से सब्सिडी राशि छोडऩे की अपील केंद्र सरकार करती तो सहर्ष देशहित में सक्षम परिवार सब्सिडी राशि छोड़ कर कोरोना की लड़ाई में अपना भी योगदान देते ।
महिला कांग्रेस उपाध्यक्ष अधिवक्ता कुसुम दुबे बताया कि विश्व सहित देश प्रदेश कोरोनावायरस संकट से जूझ रहा है लाकडाउन के चलते रोजी रोजगार बंद हैं ऐसे समय में सरकार से ही राहत की अपेक्षा है लेकिन केंद्र की मोदी सरकार जनता को राहत देने के बजाय उन्हें दोहरी मार दे रही है एक ओर कर्मचारियों के महंगाई भत्ते राशि की कटौती कर संक्रमण में लडऩे वाले योद्धाओं के साथ उनके परिवार को हताश किया है वही घरेलू गैस से मिलने वाली सब्सिडी की राशि को न देने का निर्णय लेकर अपने तुगलकी फरमान को घर की रसोई तक पहुंचाया है जो अति पीड़ादायक है गरीबों को मिलने वाली उज्ज्वला योजना की राशि के नाम पर सिर्फ ठगा जा रहा है क्योंकि एक सामान्य परिवार के यहां एक टंकी एक माह अधिक चलती है और उज्जवला योजना में इस शर्त के साथ कि प्रतिमाह रिफलिंग कराने पर ही राशि मिलने का आदेश है ऐसी स्थिति में उज्जवला परिवार वालों को 3 माह की राशि भी प्राप्त नहीं होगी । विश्व स्तर पर कच्चे तेल के मूल्य में गिरावट होने के बाद भी उसका लाभ घरेलू गैस के माध्यम से जनता को ना देना अन्याय नही तो और क्या है एक तो गैस के दाम कम होना और उसके बाद सब्सिडी भी ना देना दोहरा अन्याय का प्रमाण है ।लेकिन जनता को ना जोड़ कर सिर्फ तुगलकी फरमान से जनता के हितों पर महामारी के दौर में कुठाराघात किया जा रहा है
