कोविड-19 कोरोना वायरस के संक्रमण से बचाव के लिए अब जिले में गर्भवतियों और प्रसूताओं को भी वैक्सीन की डोज लगनी शुरू हो गई है। डोंगरगांव और डोंगरगढ़ में गर्भवतियों ने वैक्सीनेशन कराया पर कोई साइड इफेक्ट नहीं है। डॉक्टरों का कहना है कि टीका पूरी तरह से सुरक्षित है और इससे कोरोना से बचाव संभव है।
इसे इम्युनिटी बढ़ रही है। इधर कोवैक्सीन की कमी के चलते जिले में दूसरा डोज लगाने इंतजार करना पड़ रहा है। समय हो जाने के बाद भी हितग्राही बिना टीका लगवाए सेंटर से मायूस लौट रहे हैं। जिले में वैक्सीन की बेहद कमी बनी हुई है। अब तक 8.50 लाख से ज्यादा लोगों को टीका लग चुका है। इनमें से 1 लाख 35 हजार लोगों को कोवैक्सीन की डोज लगी है। वैक्सीन की कमी के कारण डोज नहीं लगवा पा रहे हैं। जिले के सभी सेंटर भी नहीं चल रहे हैं। 50 से 60 सेंटरों में ही वैक्सीनेशन हो पा रहा है।
बच्चे पर कोई असर नहीं
डॉ तुलावी ने बताया कि वैक्सीनेशन के बाद सुस्ती लगना व सामान्य बुखार आ सकता है पर गंभीर लक्षण सामने नहीं आएंगे। वैक्सीनेशन से बच्चे पर भी कोई साइड इफेक्ट नहीं होगा। जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ बीएल तुलावी ने बताया कि वनांचल क्षेत्र मानपुर ब्लॉक से रिपोर्ट आई है कि अब तक वहां 25 गर्भवतियों को टीका लग चुका है और इनमें कोई साइड इफेक्ट नहीं है।
