राज्य शासन की ओर से स्कूल खोलने के साथ ही गाइड लाइन भी जारी कर दी गई है। पंचायत एवं शाला प्रबंधन समितियों की अनुमति के बाद ही स्कूल खुल पाएंगे। शिक्षा विभाग की ओर से ब्लॉक अधिकारियों के माध्यम से पंचायतों में शासन के गाइड लाइन की कॉपी पहंुचा दी गई है।
सरपंच अपने स्तर पर गांव की स्थिति को देखते हुए निर्णय लेकर अनुमति देंगे। संस्था प्रमुखों की ओर से शाला प्रबंधन समिति की बैठक बुलाई जाएगी। प्रबंधन समिति के सदस्य भी गांव में कोरोना संक्रमण की स्थिति को देखकर अनुमोदन करेंगे। कक्षा 9 से 12 तक की कक्षाएं संचालित करने आदेश जारी किया गया है। इसमें भी 50 प्रतिशत बच्चों को ही स्कूल बुलाया जाएगा। इसके लिए भी रोटेशन तय किया गया है। बच्चे अल्टरनेट स्कूल आएंगे। स्कूल में कोविड के प्रोटोकाल का पालन कराना होगा।
क्लास रूम को सैनिटाइज करेंगे
संस्था प्रमुखों को स्कूल की साफ-सफाई के साथ ही सैनिटाइज कराने के निर्देश भी दिए गए हंै। इसके लिए स्कूल फंड का इस्तेमाल करने कहा गया है। पेयजल, टॉयलेट सहित अन्य मूलभूत सुविधाएं रखने के निर्देश दिए गए हैं ताकि शिक्षक, शिक्षिकाओं के साथ ही छात्र-छात्राओं को परेशानी न हो।
जल्द बुलाई जाएगी बैठक
डीईओ एचआर सोम ने बताया कि संस्था प्रमुख अपने स्तर पर जल्द ही शाला प्रबंधन समिति की बैठक बुलाएं और सदस्यों की राय लें। वहीं सरपंचों से भी अनुमति लेकर स्कूल खोलने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाएं। नियमों का पालन कराएंगे।
