शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत चयनित होने के बाद पार्रीनाला के समीप स्थित निजी स्कूल में एडमिशन दिया गया था। स्कूल बंद हो जाने के बाद डीईओ की ओर से बच्चों को दूसरे स्कूल में शिफ्ट नहीं किया गया है। इससे परेशान पालकों ने सोमवार को कलेक्टर को मांग पत्र सौंपकर बच्चों को सरकारी अंग्रेजी माध्यम स्कूल में एडमिशन दिलाने कहा।
पालकों ने बताया कि पूर्व में भी इन मांगों को लेकर डीईओ कार्यालय में ज्ञापन सौंपा गया था। इसके बाद भी समस्या का समाधान नहीं हो पाया। पालकों ने बताया कि स्कूलों में ऑनलाइन क्लासेस शुरू हो गए हैं पर आरटीई के बच्चे पढ़ाई ही नहीं कर पा रहे हैं। ऐसे में बच्चे पढ़ाई में पिछड़ जाएंगे। पालकों ने आरटीई में चयनित बच्चों के नाम सहित सूची कलेक्टर को सौंपी है।
