वाराणसी के मिर्जामुराद क्षेत्र के हरपुर गांव में बुधवार सुबह एक विवाहिता ने फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। विवाहिता अपने मायके में आई हुई थी। परिजनो के मुताबिक, पिछले कुछ समय से वह पति की प्रताड़ना से परेशान थी, जिसके चलते उसने यह कदम उठाया। रोहनिया थाना क्षेत्र के केसरीपुर गांव निवासी सविता राजभर (28) पत्नी दिनेश राजभर एक सप्ताह पूर्व मायके आई थी।
परिजनों ने आरोप लगाया कि पति ने मारपीट कर सविता को घर से निकाला था। इसके बाद से वह नाराज और परेशान थी। बुधवार सुबह वो अपने कमरे का दरवाजा बंद कर पंखे के सहारे फंदे से लटक गई। मां को नहीं देखने पर उसके चार वर्षीय पुत्र रितिक दरवाजा पीटने लगा। नहीं खुलने पर खिड़की से झांका तो मां को फंदे से लटकता देख शोर मचाया।
आननफानन दरवाजा तोड़कर परिजनों ने सविता को फंदे से उतारा। तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। सविता के भाई हरि शंकर राय ने बताया कि मेरी बहन की शादी छह साल पहले हुई थी। आरोप लगाया कि ससुराल पक्ष के लोग दहेज की मांग को लेकर सविता को प्रताड़ित करते थे। एक साल पहले मारपीट कर घर से भी निकाल दिया था।
कुछ दिन पहले हुई पंचायत के बाद सविता ससुराल गई थी। एक सप्ताह पहले उसके पति ने मारपीट कर फिर से घर से निकाल दिया। इसके बाद से वो हरपुर गांव स्थित मायके में थी। बुधवार सुबह खुदकुशी कर ली। सविता का एक बेटा चार वर्षीय रितिक और एक दो साल की बेटी लाडो है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
