राजनांदगांव। दिग्विजय कालेज कैंपस में मोबाइल फोन का उपयोग वर्जित कर दिया गया है। यानी छात्र अब कालेज परिसर में मोबाइल नहीं चला सकेंगे। यदि मोबाइल चलाते मिले तो कार्रवाई की जाएगी। दिग्विजय कालेज में पढ़ने वाले छात्रों को मुफ्त में इंटरनेट सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। ताकि छात्र-छात्राएं इंटरनेट मीडिया के माध्यम से पढ़ाई संबंधित जानकारी जुटा सकें। लेकिन कालेज कैंपस में छात्र फ्री-फायर गेम और टीकटाक बनाने में मशगुल हैं। कैंपस में छात्र-छात्राएं टीक टाक पर व्यस्त रहती हैं। जिसे देखते हुए कालेज प्रशासन ने कालेज कैंपस में मोबाइल फोन के उपयोग पर प्रतिबंध लगा दिया है। छात्रों को अपने मोबाइल फोन को साइलेंट मोड में बैग के अंदर रखना होगा। कालेज प्रशासन द्वारा आदेश निकालने के बाद छात्रों में हड़कंप मच गया है।
कक्ष में पढ़ाई के दौरान विद्यार्थियों के मोबाइल घनघनाते हैं। जिसके चलते अन्य छात्र डिर्स्टब होते हैं। बता दें कि दिग्विजय महाविद्यालय जिले का सबसे बड़ा महाविद्यालय है, जहां करीब नियमित रुप में पांच हजार से अधिक छात्र-छात्राएं पढ़ते हैं। कालेज को खुले तीन दिन हुए है। कालेज खुलते ही छात्र आफलाइन पढ़ाई के लिए पहुंच रहे हैं। लेकिन छात्र ज्यादातर समय मोबाइल में घुुसे रहते हैं। यही नहीं समय मिलते ही कालेज कैंपस में फ्री-फायद गेम खेलना शुरू कर देते हैं या फिर टीकटाक में व्यस्त हो जाते हैं। छात्रों का मन पढ़ाई की ओर लगा रहे इसे देखते हुए कालेज प्रबंधन ने कालेज कैंपस में मोबाइल फोन के उपयोग पर प्रतिबंध लगा दिया है। आदेश भी जारी कर दिया गया है।
कालेज में पांच हजार से अधिक छात्र अध्ययनत
दिग्विजय कालेज में नियमित छात्रों की संख्या पांच हजार से अधिक है। कालेज में पढ़ने आने वाले छात्रों को इंटरनेट सुविधा उपलब्ध कराने वाइ-फाइ की सुविधा दी जा रही है। ताकि छात्र इसका उपयोग पढ़ाई के क्षेत्र में करे। लेकिन ऐसा नहीं है। विद्यार्थी इंटरनेट का उपयोग फ्री-फायर गेम और टीकटाक बनाने में कर रहे हैं। क्लास खत्म होते ही छात्रों का जमावड़ा कैंप में लगना शुरू हो जाता है। फिर विद्यार्थी अपने-अपने मोबाइल में मशगुल हो जाते हैं। कालेज प्रशासन ने आदेश निकालकर मोबाइल फोन के उपयोग पर प्रतिबंध लगा दिया है। छात्र-छात्राएं कालेज कैंपस से बाहर निकलकर मोबाइल का उपयोग कर सकेंगे।
छूटे छात्रों से लिया जाएगा जनभागीदारी शुल्क
महाविद्यालयीन छात्रों से जनभागीदारी शुल्क लिया जाएगा। बता दें अहमहाविद्यालयीन छात्रों से शुरुआत में जनभागीदारी शुल्क नहीं लिया गया था। कालेज प्रशासन ने शुक्रवार को आदेश निकालकर छूटे छात्रों को जनभागीदारी शुल्क जमा करने कहा है। कालेज में करीब तीन हजार छात्र जनभागीदारी शुल्क जमा नहीं कर पाए हैं। परीक्षा शुरू होने के पहले छात्रों को कालेज के फीस काउंटर में जनभागीदारी शुल्क 400 रुपये जमा करने होंगे।
साइलेंट मोड पर बैग के अंदर
विद्यार्थी कालेज कैंपस में ही फ्री फायर गेम या टीक टाक बनाने लग जाते हैं। जिसे देखते हुए कैंपस में मोबाइल फोन चलाना वर्जित कर दिया गया है। मोबाइल फोन लेकर आने वाले विद्यार्थियों को फोन को साइलेंट मोड पर बैग के अंदर रखना होगा।
