राज्य सरकार ने 112 जैसे महत्वपूर्ण सुविधा सीधा प्रदेश की जनता को दी है से इस सुविधा से एक नहीं बल्कि अब तक हजारों जानें बचाई जा चुकी है। लेकिन राजनंदगांव जिले में 112 के कर्मचारियों द्वारा मानवता को शर्मसार करने और आपातकालीन सुविधा को शर्मसार करने की प्रयास की है।
संसदीय क्षेंत्र राजनांदगांव के सांसद संतोष पांडे आज सुबह एक शोक कार्यक्रम में शामिल होने कवर्धा से राजनांदगांव जा रहे थे तभी रास्ते पर खैरागढ़ के पास उन्हें दुर्घटना में घायल हुए युवक को देखा और आसपास में 112 के कर्मचारियों को भी देखा। जिसकी जानकारी लेते हुए सांसद पांडे ने 112 के कर्मचारियों से पूछा आप इन्हें अस्पताल क्यों नहीं ले जाते जवाब में कर्मचारियों ने कहा कि हमारी गाड़ी की सीट गंदी हो जाएगी।
सांसद पांडे ने मार्मिक शब्दों में कहा कि किसी भी तरीके से किसी के जान से ज्यादा 112 की सीट नहीं है और आपको इमरजेंसी सुविधा के दौरान यही सिखाया गया है।
हालांकि 112 द्वारा घायल व्यक्ति को अस्पताल पहुंचाया गया। आप अंदाजा लगा सकते हैं गाड़ी की सीट गंदी हो जाने की वजह से किसी की जान जोखिम में है इस तरह का अमानवीय व्यवहार खैरागढ़ क्षेत्र के 112 को कतई शोभा नहीं देता।
