राजनांदगांव। नगर निगम एक ओर से घर-घर जाकर कचरा एकत्र का असर दिखने लगा था। शहरवासियों में भी जागरूकता आने लगी है और वे अपने घरों से बाहर निकलकर कचरा गाड़ियों में डाल रहे थे। लेकिन अब उसका दूसरा पहलू भी सामने रहा है। शहर में साफ-सफाई की नियमित व्यवस्था एक तरह से बाधित हो रही है।
शहर के कुछ हिस्से ऐसे हैं, जहां पर पहले तो सुबह ही साफ-सफाई हो जाती थी, लेकिन अब दोपहर तक भी कचरा नहीं उठ रहा है। दुर्गा चौक व महारानी लक्ष्मीबाई स्कूल के पास सड़क पर ही कचरे फेंके जा रहे हैं।
प्रशासन की कसावट कमजोर होते ही शहर में लगातार सफाई व्यवस्था खराब होती जा रही है। समय पर कचरा नहीं उठाने से लोग परेशान हो रहे हैं। जहां देखो कचरा नजर आता है। दुर्गा चौक में कई बार वार्ड के लोगो ने डस्ट कंटेनर रखने की मांग की थी। उसके बाद भी आज तक न तो कंटेनर रखा गया और ना ही अधिकारी इस ओर देखने आए। जो कचरा उठाया जाता है वह भी अधूरा पड़ा रहता है। सबसे बुरा हाल महारानी लक्ष्मीबाई कन्या स्कूल के पास का है।
वहां कचरा उठाया ही नहीं जाता। कई दिन अधूरा छोड़ दिया जाता है। बचा कचरा रोड तक आ जाता है और उसके बाद अगर बारिश हो जाए तो बदबू से लोग परेशान रहते हैं। यहां कंटेनर की आवश्यकता हैँ क्योंकि आसपास कई महत्वपूर्ण विभागों के आफिस हैं।
टीम के आने से पहले बदहाली
शहर में सफाई व्यवस्था का हाल देखने इस सप्ताह कभी भी केंद्रीय टीम शहर पहुंच सकती है। टीम सैनिटेशन पार्क भी देखेगी। इसके पहले शहर में सफाई व्यवस्था दहाल हो गई है। टीम को दिखाने नगर निगम प्रशासन ने चुनिदा जगहों पर सफाई कराकर आसपास के क्षेत्र को चमकाने का प्रयास तो किया है, लेकिन शहर के कई हिस्सों में गंदगी फैली हुई है। बताया जा रहा है कि केंद्रीय टीम कुछ ही जगहों पर व्यवस्था देखने पहुंचेगी। प्रशासन ने ऐसे स्थलों को चयनित कर रखा है। टीम को इन्हीं चयनित जगहों पर ही ले जाया जाएगा। ताकि उसकी पोल न खुल पाए।
कंटेनर तो रखा जा सकता है परंतु कंटेनर रखने से वहां जानवर आ जाएगे जिससे दुर्घटना होने की आशंका हो सकती है। जहा कचरा रहेगा वह घुमंतु जानवर आ जाते है,जो कचरों को बिखेर देते हैं।
