धर्मनगरी इन दिनों मर्डर व आत्महत्या के प्रकरणों को लेकर सुर्खियों में है। क्योंकि तीन महीनों में हुई वारदातों पर नजर डालें तो पांच मर्डर केस में से तीन मामले पत्नी के दूसरे के साथ अवैध प्रेम-प्रसंग से जुड़े हुए हैं। वहीं जून में हुए तीन हत्याकांड में आरोपियों ने तीन अलग-अलग डेम को चुना है। 24 मार्च से अब तक के पुलिस रिकाॅर्ड में तीन माह के भीतर पांच हत्याएं व दो आत्महत्या के केस दर्ज हुए हैं। इधर पुलिस दो हत्याकांड के प्रकरण को अब तक नहीं सुलझा पाई है। जबकि दोनों केस में दो-दो थानों की पुलिस लगी हुई है।
जून में तीन मर्डर व जुलाई के पहले ही दिन दोहरा आत्महत्या ने डोंगरगढ़ थाने चर्चा में रखा। इधर लॉकडाउन के दौरान किसी तरह का प्रकरण सामने नहीं आया। दूसरी लहर के लॉकडाउन लगने से पूर्व ही 24 मार्च को अविनाश हत्याकांड सामने आया था। जबकि अप्रैल व मई में हत्या व आत्महत्या के केस एक भी सामने नहीं आए। यानी लॉकडाउन खुलने के बाद जून से वारदातों का सिलसिला शुरू हो गया। जून में सबसे अधिक हत्या की वारदात दर्ज की गई है। खास बात यह भी है कि तीनों हत्याकांड को अंजाम देने के लिए डेम को ही चुना गया है।
खास बात यह भी है कि तीनों हत्याकांड को अंजाम देने के लिए डेम को ही चुना
देवेश साहू हत्याः देवकट्टा के निगो डेम में 24 जून को 12 वर्षीय बालक देवेश साहू निवासी ग्राम इंदामरा की सड़ी-गड़ी लाश मिली। मामले में अब तक आरोपियों का सुराग नहीं मिला है। जबकि लालबाग व डोंगरगढ़ दो थानों की पुलिस जांच में जुटी हुई है। पुलिस जांच में लेटलतीफी होने की वजह से नाबालिग की हत्या के आरोपी अब तक पकड़े नहीं गए है। परिवारिक दुश्मनी के चलते आरोपियों ने बालक की हत्या कर लाश डेम में फेंक दी।
रमेश जनबंधु मर्डरः कालका पारा के हार्डवेयर व्यापारी रमेश जनबंधु के हत्या की गुत्थी पुलिस अब तक नहीं सुलझा सकी है। बोरतलाव व डोंगरगढ़ थाना की पुलिस रोजाना संदिग्धों पर निगरानी रखकर पूछताछ कर रही है। किंतु रमेश के हत्यारों तक दोनों थाना की पुलिस नहीं पहुंच सकी है। रमेश की बाइक 28 जून की सुबह डोंगरगढ़ थाना क्षेत्र के बछेराभांठा तालाब में मिली। जबकि शव 10 किमी दूर बोरतलाव थाना के राउरकसा डेम में क्षत-विक्षत अवस्था में मिली।
अविनाश हत्याकांडः 24 मार्च को मुरमुंदा के समीप नहर किनारे डोंगरगढ़ वार्ड 2 के युवक अविनाश रामटेके की लाश मिली थी। मामले में उसकी पत्नी, प्रेमी समेत दो युवकों को गिरफ्तार किया गया। अविनाश की हत्या पूरी प्लानिंग के साथ उसकी पत्नी, प्रेमी व उसके दोस्तों ने की। अविनाश व सुष्मिता ने भी प्रेम विवाह किया था। शादी के बाद सुष्मिता का अवैध संबंध दूसरे के साथ चल रहा था। दोनों ने मिलकर अविनाश को हटाने की योजना बना ली।
अमर लाल मर्डरः ग्राम देवकट्टा के अमर लाल खेलकर की लाश 7 जून को डंगबोरा जलाशय में मिली। अमर की हत्या प्रेम-प्रसंग के चलते की गई। मृतक की पत्नी लीजा व अमर के ड्राइवर दोस्त रमेश चतुर्वेदी के बीच अवैध संबंध था। दोनों एक-दूसरे के संपर्क में थे और दोनों ने मिलकर अमर लाल को हटाने की योजना बनाई। रमेश अपने दोस्त संतू बर्मन के साथ मिलकर अमर को डंगबोरा डेम लेकर गए और शराब पीने के बाद हत्या कर दी।
लोकेश्वरी मर्डरः अटल आवास भुरवाटोला में रहने वाले आकाश रंगारी ने अपनी ही नवविवाहिता पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी। 30 जून की सुबह बैंक से निकाले गए लोन के किस्त पटाने को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ और आकाश ने अपनी पत्नी की गला दबाकर हत्या कर पुलिस को गुमराह करने के लिए शव को फंदे में लटकाकर आत्महत्या करार करने की कोशिश की। आरोपी पति से पुलिस ने कड़ाई से पूछताछ की तो अपराध कबूल कर लिया।
दोहरी आत्महत्याः 1 जुलाई की दोपहर पहुना लॉज के कमरा नं. 5 में दो शादीशुदा प्रेमी युगल का शव पंखे पर फंदे से लटका हुआ मिला। शादीशुदा होने के बाद भी दोनों के बीच लंबे समय से प्रेम-प्रसंग चल रहा था। परिजनों को जानकारी मिलने के बाद मृतका लक्ष्मी देवांगन को गंडई भेज दिया गया था। लेकिन प्रेमी मुकेश के साथ दोनों डोंगरगढ़ पहुंचे और लॉज में रूककर एक साथ आत्महत्या कर ली। पुलिस फिलहाल मामले की विवेचना में जुटी हुई है।
बहुत जल्द आरोपी पकड़ में होंगे: एसडीओपी
एसडीओपी डोंगरगढ़ चंद्रेष ठाकुर ने कहा कि अनसुलझे प्रकरणों की जांच चल रही है। फिलहाल अभी तक आरोपियों का सुराग नहीं मिल पाया है। पुलिस हर तथ्य से छानबीन कर रही है। बहुत जल्द आरोपी पकड़ में होंगे।
