छत्तीसगढ़ में कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या में वृद्धि हुई है। स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक बुधवार को प्रदेश में 403 नए लोगों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है। इससे एक दिन पहले मंगलवार को प्रदेश भर में 383 मरीज ही मिले थे। सोमवार को नए मरीजों की संख्या 405 थी।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से देर रात जारी आंकड़ों के मुताबिक बुधवार को प्रदेश भर में 36 हजार 776 नमूनों की जांच की गई। इसमें 403 लोग पॉजिटिव मिले। प्रदेश में संक्रमण दर 1.1 प्रतिशत रही। मंगलवार को भी संक्रमण दर 1.1 प्रतिशत ही थी। लेकिन उस दिन 33 हजार 547 नमूनों की जांच के बाद 383 मरीजों में संक्रमण की पुष्टि की गई थी। जून महीने में सबसे कम मरीज 27 जून को मिले थे। उस दिन नए मरीजों की संख्या केवल 244 थी। हालांकि उस दिन होने वाले टेस्ट की संख्या भी सामान्य दिनों में हो रहे टेस्ट से कम थी। जून में एक दिन में सबसे अधिक 1 हजार 886 मरीज एक जून को सामने आए थे। उसके बाद से इनकी संख्या में लगातार गिरावट देखी गई है। महीने के आखिरी सप्ताह में यह संख्या लगभग स्थिर हो गई है।
पिछले सप्ताह ऐसा रहा है संक्रमण
पिछले सप्ताह की शुरुआत में यानी 23 जून को प्रदेश में 421 नए मरीज मिले थे। 24 जून को इस संख्या में बड़ी कमी दिखी। उस दिन 317 मरीज मिले, 25 जून को मरीजों की संख्या घटकर 293 तक पहुंच चुकी थी। 26 जून को यह संख्या 361 थी और 27 जून को 244। 28 जून को 405 नए मरीज मिले और 29 जून को 383। इस पूरे सप्ताह की औसत संक्रमण दर 1.1 प्रतिशत बनी रही।
सबसे कम मरीजों वाले राजनांदगांव में एक मौत
छत्तीसगढ़ में बुधवार को केवल एक मरीज की कोरोना के इलाज के दौरान मौत हुई। उसे भी कोमार्बिडिटी यानी स्वास्थ्य संबंधी दूसरी जटिलताओं की वजह से हुई मौत बताया जा रहा है। यह मौत राजनांदगांव जिले में दर्ज हुई है। गंभीर बात यह है कि राजनांदगांव इस समय सबसे कम कोरोना मरीजों वाला जिला है। वहां बुधवार को एक दो लोग संक्रमित मिले थे। कुल 60 लोग ही संक्रमित हैं। प्रदेश के लिए संतोष की बात यह है कि यह कोरोना की दूसरी लहर में दूसरी सबसे कम मौत का आंकड़ा है।
प्रदेश में अब 5964 मरीज
मार्च 2020 से अब तक प्रदेश के 9 लाख 94 हजार 480 लोग संक्रमण की चपेट में आ चुके हैं। इनमें से 9 लाख 75 हजार से अधिक लोग ठीक हो चुके हैं। लेकिन 13 हजार 439 मरीजों को इस महामारी की वजह से अपनी जान गंवानी पड़ी है। प्रदेश में अब भी 5 हजार 964 लोगों को विभिन्न अस्पतालों और होम आइसोलेशन में इलाज जारी है। कोरोना की दूसरी लहर मार्च के दूसरे सप्ताह से शुरू हुई थी। उससे पहले प्रदेश में सक्रिय मरीजों की संख्या 100 से भी कम हो गई थी।

रायपुर कलेक्टर सौरभ कुमार ने विधायक को आयुर्वेदिक कॉलेज कोविड केयर सेंटर में मौजूद सुविधाओं की जानकारी दी।
तीसरी लहर के लिए बनाया बच्चों का वार्ड
छत्तीसगढ़ में कोरोना की संक्रमण दर एक प्रतिशत तक पहुंच जाने के बीच प्रशासन तीसरी लहर की तैयारियों में जुटा हुआ है। रायपुर के आयुर्वेदिक कॉलेज अस्पताल में बच्चों के लिए 40 बिस्तर का विशेष केंद्र बना दिया है। आशंका जताई जा रही है कि तीसरी लहर में बच्चे अधिक प्रभावित हो सकते हैं क्योंकि उनके पास वैक्सीन की सुरक्षा भी नहीं है। क्षेत्रीय विधायक और संसदीय सचिव विकास उपाध्याय ने इस केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान कलेक्टर सौरभ कुमार और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मीरा बघेल ने उन्हें तैयारियों और सुविधाओं की जानकारी दी। विकास उपाध्याय ने बताया, पीएम केयर फंड से बच्चों के लिए अभी तक मात्र 30 वेन्टिलेटर प्राप्त हुए हैं, जो पर्याप्त नहीं हैं। उन्होंने केन्द्र सरकार से ऐसे कम से 150 वेंटिलेटर की मांग की।
