15 साल बाद लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल सुपेला में फिर से डेंटल सर्जरी शुरू मंगलवार से शुरू हो गई। यहां पदस्थ डॉ. अंजली सिंह पहले से ही दांत के मरीजों का ट्रीटमेंट शुरू कर चुकी हैं। विधिवत शुरुआत मंगलवार को की गई। 7 दिन में 6 मरीजों की आरसीटी (रूट कैनाल ट्रीटमेंट) और 2 की फीलिंग कर खराब हुए दांतों को बचाया गया।
अस्पताल में दांत के डॉक्टर की पदस्थापना हमेशा से रही, लेकिन इलाज 15 साल पहले निजी कॉलेज के डॉक्टर कर रहे थे। जबसे उनका अनुबंध खत्म हुआ, तबसे अब तक डॉक्टर रहते हुए एक भी सर्जरी नहीं हुई। 15 सालों बाद फिर से शुरू किया गया है।
बाहर के एक्सपर्ट्स डॉक्टरों की भी ली जाएगी मदद
दांत की बीमारियों संबंधी इलाज के साथ ही जबड़े के समान्य फैक्चर ठीक करने का भी दावा किया जा रहा है। जबड़े के फैक्चर का एक्सपर्ट डॉक्टर वैसे मैक्सिलो फेशियल सर्जन होता है। लेकिन डॉ. अंजली का कहना कि सामान्य फैक्चर की वह सर्जरी कर सकती हैं। इसके अलावा अन्य जरूरत पड़ने पर एक्सपर्ट बाहर से बुलाए जाएंगे।
दांतों के इलाज के लिए ये उपकरण भी उपलब्ध
साल भर पहले तक शास्त्री अस्पताल, दांत के डॉक्टर तो 3 थे, लेकिन एक डेंटल चेयर तक नहीं थी। भास्कर ने जनहित मेें इस प्रकरण को कवर किया था। जिसके बाद सीजीएमएससी से एक डेंटल चेयर मिली।
एसएनसीयू नई बिल्डिंग में शिफ्ट, मिलेगी राहत
जिला अस्पताल की पुरानी बिल्डिंग में संचालित एसएनसीयू (स्पेशल न्यू बोर्न केयर यूनिट) मंगलवार को नई बिल्डिंग में शिफ्ट कर दिया गया। सेंट्रल ऑक्सीजन नहीं होने से शिफ्टिंग नहीं की जा रही थी। अब यह सुविधा शुरू हो गई है।
दांतों का सर्जरी शुरू करा दी, अन्य सुविधाएं जल्द
सुपेला में लंबे समय से दांतों की सर्जरी नहीं हो रही थी। दांत के इलाज से संबंधित सभी जरूरी काम शुरू कर दिए गए हैं। 7 दिन में 6 की सफल आरसीटी और 2 की फीलिंग की हैं।डॉ. पियाम सिंह, प्रभारी, सुपेला अस्पताल





