राजनांदगांव ।अप्रैल-मई में शादियों के मुख्य मुहूर्त हैं। अक्षय तृतीया व रामनवमी पर बड़ी संख्या में शादियां होती हैं, लेकिन इस बार इन शुभ मुहुर्तों पर कोरोना महामारी फिर से भारी पड़ती दिख रही है। शहर ही नहीं बल्कि जिले में भी संक्रमण की दूसरी लहर तेजी से फैल रही है। प्रशासन ने पहले ही शादी जैसे आयोजनों पर रोक तो नहीं लेकिन कई बंदिशें जरूर लगा दी हैं। अगर हालात नहीं सुधरे तो इस पर पूर्णतः प्रतिबंध भी लगाया जा सकता है।
जनवरी के बाद से शादी व अन्य शुभ कार्यों के लिए कोई खास मुहूर्त नहीं होने के कारण लोग अप्रैल-मई के इंतजार में बैठे हैं। ज्यादातर लोगों ने इन्हीं महीनों में अपना कार्यक्रम तय भी कर रखा है, लेकिन पूर्व नियोजित इन कार्यक्रमों पर संकट के बादल मंडराते नजर आ रहे हैं। खासकर शादियों पर, तिथियां तय होने के साथ ही सारी जरूरी तैयारियां लगभग पूरी की जा चुकी है। इसके बाद अब बंदिशों ने सबकी परेशानी बढ़ा दी है।
0 रोजी-रोजगार पर भी संकट कोरोना संक्रमण बढ़ोतरी का असर शादी करने वालों पर ही नहीं बल्कि, उससे जुड़े काम-धंधे वालों पर भी पड़ने वाला है। मंगल भवनों की बुकिंग निरस्त होने से इस कारोबार से जुड़े लोग आर्थिक रूप से पस्त पड़ सकते हैं। साउंड सिस्टम, बैंड व धुमाल के साथ ही कैटरिन वाले भी लगातार दूसरे वर्ष बेरोजगार हो सकते हैं। फोटो-वीडियो के साथ ही ट्रैवल्स एजेंसी संचालकों पर भी इसकी मार पड़ सकती है।
0 पानी फिरता दिख रहा शीतलापारा मोतीपुर में रहने वाले डाकघर बचत अभिकर्ता अंगदराम देवांगन के बेटे की शादी 27 अप्रैल को तय हो चुकी है। उन्होंने शादी घर, साउंड सिस्टम, कैटरिन समेत लगभग सभी तैयारियां कर ली है। कार्ड छपने के साथ ही बांटना भी शुरू कर दिया है। इस बीच कोरोना का संक्रमण फिर से तेज होने से पूरे परिवार की चिंता बढ़ गई है कि आखिर ऐसे माहौल में शादी कैसे हो पाएगी। उन्होंने सैकड़ों लोगों का आमंत्रण कार्ड बांट लिया है। मेहमानों ने भी आने की तैयारी पूरी कर रखी है। इस बीच प्रशासन ने कई तरह की बंदिशों के बीच मात्र 50 लोगों को ही शामिल करने का फरमान जारी कर दिया है। इससे उनकी तैयारियों पर पानी फिरता दिख रहा है। देवांगन ने कहा कि परिस्थितयों के अनुसार शासन-प्रशासन के दिशा-निर्देशों के अनुसार ही सारे कार्यक्रम कराएंगे, लेकिन बड़े बेटे की शादी को लेकर परिवार में जो उल्लास था, वह अभी से कमजोर पड़ने लगा है।
अगले दो माह के मुहूर्त
अप्रैल-25, 26, 27 व 28 को
मई-1, 2, 3, 7, 13, 14, 19, 20, 21, 22, 23, 24, 28 व 30 तारीख को।
(पं. बाबूलाल चतुर्वेदी पंचाग के अनुसार)
उत्सवों में इनका रखें ध्यान
0 प्रशासन की अनुमति के बिना भीड़-भाड़ा वाला कोई कार्यक्रम न करें
0 कम से कम मेहमानों को ही आमंत्रित करें
0 किसी भी आयोजन में अनिवार्य रूप से मास्क लगाकर ही जायें
0 कार्यक्रमों में शामिल होने के कारण शारीरिक दूरी बनाय रखें
0 आयोजकों को प्रवेश द्वार पर हैंड सैनिटाइजर की अनिवार्य व्यवस्था करनी चाहिये
0 साथ ही कुछ मास्क भी रखें ताकि जिनके पास न हो, उन्हें दिया जा सके
0 शासन-प्रशासन के दिशा-निर्देशों का खुद पालन करें व दूसरों को जागरूक भी करें
वर्जन….
समय के साथ चलें लोगों को समय के साथ चलना होगा। अभी जो स्थिति है, उसके हिसाब से प्रशासन ने कुछ बंदिशें लगाई है। अगर हालात इससे बदतर बने तो सख्ती ौर बढ़ानी पड़ेगी। लोगों को जागरूक होना होगा। सावधानी बरतनी होगी। तभी हम कोरोना को फिर से प्रभावी ढंग से रोक सकेंगे। – मुकेश रावटे, एसडीएम
