राजनांदगांव 30 दिसम्बर। नगर निगम आयुक्त श्री चंद्रकांत कौशिक द्वारा लंबे समय से करों का भुगतान नहीं करने वाले लगभग 50 हजार रूपये से उपर के बड़े बकायादारों को पूर्व में अनेको बार नोटिस दिया गया, नोटिस उपरांत भी बकायेदारों द्वारा राशि जमा नहीं की गयी। जिसपर वसूली हेतु कडे कदम उठाते हुये जिलाधीश महोदय को सूची प्रेषित किया। जिलाधीश महोदय द्वारा उक्त बकायेदारों को आर.सी.सी. (राजस्व वसूली पत्र) जारी करने तहसीलदार को पत्र प्र्रेषित किया गया। निगम एवं तहसीलदार द्वारा दिये गये राजस्व वसूली पत्र से 11 बकायादारों द्वारा राजस्व कर की राशि निगम कोष में जमा की गयी। उन्होंने शेष बकायादारों से राजस्व कर की राशि वसूली करने के साथ साथ वित्तीय वर्ष की समाप्ति को देखते हुये राजस्व वसूली मेें तेजी लाने उपायुक्त श्री सुदेश कुमार सिंह एवं राजस्व अधिकारी श्री नारायण साहू को निर्देशित किये है।
इस संबंध में उपायुक्त श्री सुदेश कुमार सिंह ने बताया कि वार्ड नं. 14 के नीरज कुमार पटेल आ. श्री देवेन्द्र पटेल द्वारा 151786.00 रूपये, ओमानंद ट्रेडिंग कम्पनी प्रे. श्री केतन भाई द्वारा 45352.00 रूपये कुल 197138.00 रूपये तथा वार्ड नं. 30 के ओमानंद ट्रेडिंग कम्पनी प्रे. केतन भाई पटेल द्वारा 86356.00 रूपये, निलेश भाई द्वारा 86356.00 रूपये, अजय कुमार/एम.पिपलापुरे सागर भवन द्वारा 136977.00 रूपये, श्री नीरज कुमार/श्री डी.पटेल सागर भवन द्वारा 138175.00 रूपये, हंसाबेन/स्व. श्री हरिलाल पटेल द्वारा 46775.00 रूपये, श्री बसंत कुमर पटेल/श्री शिवगण भाई द्वारा 58170.00 रूपये, श्री गोपाल पटेल/श्री शिवगण भाई पटेल द्वारा 43391.00 रूपये, श्री यशंवत कुमार पटेल/श्री शिवगण भाई द्वारा 51966.00 रूपये, श्री हिम्मत पटेल/श्री शिवगण भाई पटेल द्वारा 42843.00 रूपये, श्रीमती पूजा पटेल ध.प. श्री बसंत कुमार पटेल द्वारा 104961.00 रूपये, श्री शिवगण भाई आ. श्री नारायण भाई द्वारा 51206.00 रूपये कुल 847176.00 रूपये, इस प्रकार कुल 10,44,314.00 रूपये निगम में सम्पत्तिकर की राशि का भुगतान किया गया।
आयुक्त श्री कौशिक ने कडे निर्देश दिये है कि शेष बकायादारों द्वारा राशि जमा नहीं करने की स्थिति में छ.ग. नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 में वर्णित प्रावधानानुसार सख्ती से कार्यवाही की जायेगी। बकाया राशि जमा नहीं करने की स्थिति में उत्पन्न क्षति तथा सम्पूर्ण हर्जे-खर्चे के लिए संबंधित भवन भूमि स्वामी एवं किराएदार स्वयं व्यक्तिगत रूप से उत्तरदायी होंगे तथा संबंधितो की सम्पत्ति कुर्की की भी कार्यवाही की जावेगी। उन्होंने असुविधा से बचने के लिए उपरोक्त बकाया कर एवं किराए की राशि का भुगतान नियत समय सीमा में अनिवार्य रूप से जमा करने की अपील की है। साथ ही उन्होंने निगम सीमाक्षेत्रान्तर्गत निवासरत भवन एवं भूमि स्वामियों तथा निगम स्वामित्व के दुकानों के किराएदारों से अपने स्वामित्व की भवन व भूमियों के संपत्तिकर,समेकितकर एवं जलकर की सम्पूर्ण बकाया राशि तथा निगम स्वामित्व की दुकानों का सम्पूर्ण बकाया किराया का भुगतान अतिशीघ्र करने की अपील की है। करो का भुगतान नहीं करने की स्थिति में नल विच्छेदन की भी कार्यवाही की जायेगी।
