राजनांदगांव। लॉक डाउन ने इंसान ही नहीं बल्कि जानवरों के सामने भी परेशानी पैदा कर दी है। कोरोना के भय से लोगों के घरों में कैद होने के बाद अब सड़कों पर घूमते जानवरों के सामने भी खाने का संकट हो गया है। लॉक डाउन के दौरान जगह – जगह समाजसेवियों द्वारा गरीबों तथा जरूरतमंदों को खाने के पैकेट दिया जा रहा है, लेकिन बेजुबान प्राणी जो होटलों तथा रेंस्टोरेंट से खाद्य सामग्री को खाकर अपना पेट भर लेते थे लेकिन लॉक डाउन के चलते प्रतिष्ठानों के बंद होने के कारण यह बेजुबान प्राणी अब ज्यादातर भूखे रह रहे है।
इसी को देखते हुए मूक बाधिर प्राणी के लिए सकल जैन श्री संघ राजनांदगांव द्वारा आयंबिल भवन में रोटियां बनाई जा रही है। समाज के द्वारा मूक बाधिर प्राणीयों को वितरण की जा रही है । विगत् 20-22 दिनों से रोजाना 1100 से 2100 रोटियाँ बन रही हैं।

जिसमें समाज के नरेश डाकलिया , किशोर बैद, ओमप्रकाश कांकरिया, गौतम कोठारी,सुशील छाजेड ,लूणकरण चौरडिय़ा,भावेश बैद, प्रकाश लालवानी, नेमीचंद पारख, राजेन्द्र सुराणा, नंदू नखत, संजय श्रीश्रीमाल मनीष छाजेड, मूलचन्द भंसाली, महेंद्र सुराणा ,संतोष बाफना,चिमन जैन, संजय बैद, मनोज बैद,मनीष बाफना, राजेश लूनिया, राजू भंसाली, ललित मुणोत, विजय कांकरिया, रविकान्त जैन,बाबूलाल चौरडिया,अक्षय मुणोत, निवेश गोलछा आदि समाज के लगभग 40 से 45 युवाओं के द्वारा नगर में घूम- घूम कर इस वितरण कार्य को सम्पन्न किया जा रहा है। उक्त कार्य में प्रभारी गौतम कोठारी और सुशील छाजेड का सेवा सहयोग सराहनीय है।
