राजनांदगांव। शहर के मकानों-दुकानों और व्यावसायिक काम्प्लेक्सों का सर्वे नए सिरे से होगा। इसके लिए निगम ने काम शुरू कर दिया है। टैक्स डिमांड बढ़ाने के लिए यह अभियान शुरू किया जा रहा है। ताकि निगम की आर्थिक स्थिति को मजबूत किया जा सकें। मकानों की गलत जानकारी देने वाले पकड़ में आ सकें।
इसके लिए निगम प्रशासन ने 8 टीमें बनाई है। हर टीम में 5-5 सदस्य हैं। जो वार्डों में सर्वे करेंगे। मकानों-दुकानों की साइज की पूरी डिटेल खंगालेगी। जिसे एक विवरणिका में दर्ज भी किया जाएगा। इससे टैक्स डिमांड की वास्तविक जानकारी सामने आएगी। जो अब तक अपनी प्रॉपर्टी की जानकारी छिपाते रहे हैं, उन पर कार्रवाई की भी तैयारी है। झूठी जानकारी देकर टैक्स से बचने वालों पर वास्तविक टैक्स का पांच गुना जुर्माना वसूलने की तैयारी है। निगम इसके लिए पूरी सख्ती से कार्रवाई की तैयारी में हैं। निगम आयुक्त अभिषेक गुप्ता ने बताया कि डिमांड बढ़ाने प्रॉपर्टी का भौतिक सत्यापन कर स्व विवरणिका भराई जाएगी। जिसके आधार पर नए डिमांड तय किए जाएंगे। इसके लिए टीम ने काम शुरू कर दिया है। आयुक्त ने सहयोग मांगा है।
अब तक इस तरह होती रही लापरवाही दरअसल शहर के कई करदाताओं ने अपने मकानों का विस्तार कर दिया है। एक मंजिला मकान अब दो से तीन मंजिल में तब्दील हो गए हैं। वहीं कई नए मकान टैक्स के दायरे में नहीं आए हैं। इसके अलावा व्यवसायिक कॉम्प्लेक्स, शो रुम का भी वास्तविक डिमांड नहीं बन पाया है। इससे निगम को राजस्व का नुकसान हो रहा है। अब ऐसी प्रॉपर्टी का भौतिक सत्यापन किया जाएगा। सत्यापन के बाद सामने आए क्षेत्रफल के हिसाब से टैक्स तय किया जाएगा।
बड़ी संख्या में प्रॉपर्टी टैक्स के दायरे में आएगी शहर में लंबे समय से मकान-दुकानों व प्रॉपर्टी का सर्वे नहीं हुआ है। इसके चलते पुरानी जानकारी मुताबिक ही टैक्स डिमांड तय होती रही, इसी आधार पर टैक्स भी वसूला जाता रहा है। जबकि शहर का विस्तार इन सालों में काफी अधिक हो गया है। मकानों की संख्या भी बढ़ गई है। नए सर्वे के बाद बड़ी संख्या में प्रॉपर्टी टैक्स की दायरे में आएगी। वहीं निगम के टैक्स के डिमांड में 30 फीसदी तक बढ़ोतरी की संभावना है। इससे निगम की कमजोर आर्थिक स्थिति को काफी मदद मिलेगी।
इधर बड़े बकाएदारों को नोटिस जारी कर रहे इधर नए सर्वे के साथ टैक्स वसूली का अभियान भी जारी रहेगा। इसके लिए निगम शहर के बड़े बकायादारों को लगातार नोटिस भी जारी कर रहा है। बकायादारों को समय पर टैक्स देने की अपील की जा रही है। वहीं अब राजस्व का अमला भी वार्डों में टैक्स वसूली में जुट गया है। राजस्व विभाग डोर टू डोर पहुंचकर बकाया टैक्स की वसूली करेगा।
