रायपुर. मंत्रालय एवं विभागाध्यक्ष कार्यालयों में कोरोना को ध्यान में रखते हुए न्यूनतम कर्मचारियों की उपस्थिति में प्रतिदिन संचालित करने के लिए कर्मचारियों की ड्यूटी सप्ताह में बदलती रहेगी। सभी विभागों में एक तिहाई लोगों से काम लिया जाएगा। अत: उनकी संख्या को ध्यान में रखकर कर्मचारियों को कार्यालय बुलाया जाएगा। मुख्य सचिव आरपी मंडल ने विभागों को रोस्टर के अनुसार ड्यूटी लगाने के निर्देश जारी किए हैं। सभी विभाग प्रमुखों और विभागाध्यक्षों से कहा गया है कि अनुभाग अधिकारी एवं उससे नीचे के कर्मचारियों की ड्यूटी अधिकतम एक तिहाई साप्ताहिक रोस्टर के अनुसार लगाई जाए। संयुक्त सचिव, उप सचिव एवं अवर सचिव में से कोई एक ही कार्यालय में उपस्थित रहेगा। विभागाध्यक्ष कार्यालयों में अतिरिक्त संचालक, अपर संचालक, उप संचालक स्तर के अधिकारियों में से कोई एक ही उपस्थित होगा। मंत्रालय एवं विभागाध्यक्ष के कर्मचारियों का इंद्रावती भवन के पीछे बने 10 बिस्तर के अस्पताल में सप्ताह में तीन दिन सोमवार, मंगलवार और बुधवार को स्वास्थ्य परीक्षण के लिए शिविर का आयोजन किया जाएगा। वहीं अवकाश के दिनों में सभी कार्यालयों को सेनेटाइज किए जाने का आदेश जीएडी सचिव डीडी सिंह ने सीईओ एनआरडीए को दिया है। जीएडी का यह आदेश मंत्रालय, इंद्रावती के साथ नया रायपुर में संचालित अन्य विभागाध्यक्ष कार्यालयों में भी लागू होगा।
राज्य कर्मचारी संघ छत्तीसगढ़ के पूर्व प्रांताध्यक्ष वीरेंद्र नामदेव, प्रदेश उपाध्यक्ष पूरनसिंह पटेल, प्रदेश महामंत्री एके चेलक ने मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव से आग्रह किया है कि कोरोना वायरस के संक्रमण को लेकर जिस तरह की सुविधा मंत्रालय, इंद्रावती भवन और नया रायपुर के सेक्टरों में नवनिर्मित विभागाध्यक्ष कार्यालय के कर्मचारियों को दी गई है, वैसे ही मैदानी कार्यालयों के कर्मचारियों की ओर भी ध्यान दिया जाए। उनमें भी कोरोना वायरस संक्रमित होने की लगातार सूचनाएं हैं, जो सरकार के जिम्मेदार लोगों के संज्ञान में भी है। जिले, तहसील, विकासखंड कार्यालयों में पदस्थ अधिकारियों एवं कर्मचारियों की चिंता कर कोरोना संक्रमण से बचाव के लिये पुराना रायपुर स्थित कार्यालयों के साथ जिलों में सभी मैदानी कार्यालय में भी इसे लागू किये जाने की मांग की है।
