भोपाल
सिवनी मालवा निवासी बीटेक के छात्र निशांक राठौर की संदेहास्पद मौत की जांच के लिए रायसेन पुलिस को स्पेशल इंवेस्टिगेशन टीम (एसआइटी) गठित करने के निर्देश दिए गए हैं। गृह मंत्री डा. नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि निशांक के मोबाइल से हुए मैसेज सहित मौत के हर पहलू की जांच एसआइटी करेगी।
निशांक भोपाल में रहकर पढ़ाई कर रहा था। सोमवार को ओबेदुल्लागंज के बरखेड़ा चौकी रेलवे पटरी के पास उसकी लाश मिली थी। निशांक के फोन से ही उसके पिता और दोस्तों को 'नबी से गुस्ताखी नहीं, राठौर साहब बहुत बहादुर था आपका बेटा, गुस्ताख-ए-नबी की इक सजा, सर तन से जुदा" जैसे संदेश भेजे गए थे।
डा. मिश्रा ने बताया कि निशांक के मोबाइल की भी जांच की गई है, लेकिन जो मेसेज भेजे गए हैं, वे घटना के पहले के हैं, इसके बावजूद इसे जांच के दायरे में लिया जा रहा है। उसका विसरा सुरक्षित रख लिया गया है। कमर के ऊपर कोई चोट का निशान नहीं है। गृह मंत्री ने कहा कि इसके अलावा भी कोई बिंदु आता है तो एसआइटी की जांच में उसे लिया जाएगा। हालांकि निशांक के स्वजन इसे आत्महत्या मानने को तैयार नहीं हैं।
