शासकीय निरंजन केशरवानी महाविद्यालय कोटा में राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर आनलाइन वेबिनार आयोजित किया गया। अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय बिलासपुर से संबद्ध शासकीय निरंजन केशरवानी महाविद्यालय कोटा की राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई के द्वारा युवाओं के प्रेरणास्रोत स्वामी विवेकानंद की जयंती राष्ट्रीय युवा दिवस रूप में मनाई गई तथा राष्ट्रीय चेतना के निर्माण में स्वामी विवेकानंद का योगदान विषय पर डा. मनोज सिन्हा कार्यक्रम समन्वयक अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय बिलासपुर एवं डा. संजय तिवारी जिला संगठक रासेयो के मार्गदर्शन में आनलाइन वेबिनार का आयोजन किया गया।
छत्तीसगढ़ के राज्य गीत अरपा पैरी के धार से कार्यक्रम की शुरुआत की गई. इस अवसर पर सभी सहभागियों ने स्वामी विवेकानंद के बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डा. पीएल आदिले, प्राचार्य जेबीडी कला एवं विज्ञान महाविद्यालय कटघोरा ने अपने उद्बोधन में बताया कि युवा प्रेरणा के स्त्रोत स्वामी विवेकानंद की कही एक-एक बात हमें ऊर्जा से भर देती है। उन्होंने समाजसेवा का संदेश दिया है, राष्ट्रप्रेम को परिभाषित किया है। अपने ज्ञान और संस्कारों से भारत का नाम विदेश में भी रोशन किया है। आज भी उनका व्यक्तित्व विश्व पटल पर चमचमा रहा है। स्वामी विवेकानंद का जीवन अनुकरणीय है. युवाओं को उनके जीवन से पवित्र चिंतन, निष्काम सेवा, संस्कार, समर्पण एवं त्याग की भावना की सीख लेनी चाहिए । कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि डा. संजय तिवारी जिला संगठक रासेयो ने बताया कि स्वामी विवेकानंद आधुनिक भारत के सच्चे निर्माता और राष्ट्रीय चेतना के अग्रदूत हैं. उन्होंने युवाओं से उठो जागो, लक्ष्य से पहुंचने से पहले मत रुको का आह्वान किया। अपने उद्बोधन में उन्होंने बताया कि विवेकानंद ने शिकागो धर्म सम्मेलन में भारत का प्रतिनिधित्व करके देश का गौरव बढ़ाया। आज की युवा पीढ़ी को स्वामीजी के विचारों एवं आदर्शों को आत्मसात करने की आवश्यकता है ।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. बीएल काशी ने राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर स्वामी विवेकानंद को नमन करते हुए बतया कि देश और समाज को नई और विकासशील दिशा की ओर अग्रसर करने में स्वामी विवेकानंद ने अहम योगदान दिया है। राजनीति शास्त्र विभाग के विभागाध्यक्ष डा. जेके द्विवेदी ने स्वयंसेवकों की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए उनके कर्तव्यों की जानकारी प्रदान की. उन्होंने बताया कि स्वामी विवेकानंद युवाओं के प्रेरणास्त्रोत थे और इसलिए उनकी जयंती देश में राष्ट्रीय युवा दिवस के रूप में मनाई जाती है। कार्यक्रम अधिकारी शितेष जैन ने बताया कि भारत को विश्व गुरु बनाने का पहला कार्य स्वामी विवेकानंद के द्वारा किया गया। इस अवसर पर स्वयंसेवक मंजीत पाल, सोनल अग्रवाल, भावना मरावी, प्रिंसी देवानी, प्रियांशी दुबे, भूपेंद्र कोसले, अभिषेक दुबे, सुहानी जायसवाल एवं दिशा जैन ने स्वामी विवेकानंद की जीवनी एवं उनके आदर्शों पर अपने विचार प्रस्तुत किए. यूथ रेड क्रॉस सोसाइटी की नोडल अधिकारी डा. संजू पांडे ने आभार प्रदर्शन किया।
