शहर में कोतवाली पुलिस ने करीब 80 लाख रुपये की धोखाधड़ी कर सालभर से फरार आरोपी समीर चक्रवर्ती (40) को हरियाणा के फरीदाबाद जिले से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपित के खिलाफ तीन लोगों ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जिसके बाद से कोतवाली पुलिस आरोपित समीर की तलाश में थी। बताया गया कि आरोपी समीर अपने परिवार के साथ फरार होने के बाद हरियाणा के बल्लभगढ़ इलाके में कुरियर सर्विस में काम कर रहा था। जहां से बीते 26 नवंबर को कोतवाली पुलिस की टीम ने उसे गिरफ्तार किया। आरोपी को 28 नवंबर को जेएमएफसी आलोक अग्रवाल की कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया है। जांच अधिकारी उप निरीक्षक नरेंद्र मिश्रा ने बताया कि बीते 16 दिसंबर को राजनांदगांव निवासी लव कुमार कक्कड़, विजय बहादुर सिंह व दुर्ग के रुपेंद्र चंद्राकर ने समीर चक्रवर्ती के खिलाफ धोखाधड़ी और गबन का मामला कोतवाली थाने में दर्ज कराया था। उन्होंने बताया कि तीनों से लगभग 78 लाख रुपये की रकम लेकर आरोपी समीर चक्रवर्ती अपने परिवार के साथ फरार हो गया था। पूछताछ के बाद जब समीर का पता नहीं चला तो आरोपित के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई। आरोपित समीर दुर्ग के शालीमार हैचरि प्राइवेट लिमिटेड में खुद सेल्स मैनेजर के तौर पर काम कर रहा था। इस बीच उसने चिकन की शालीमार हैचरि में ट्रेडिंग में निवेश कर लाभ कमाने का झांसा देकर लव कुमार कक्कड़ से करीब एक करोड़ का निवेश करवाया, जिसमें से करीब 53 लाख रुपए का गबन आरोपित ने किया। वहीं रुपेंद्र चंद्राकर से नौ लाख रुपए का निवेश कराया और राजनांदगांव के विजय बहादुर से ट्रेडिंग के लिए ही 16 लाख रुपए नगद लिए। इस बीच ही अचानक समीर चक्रवर्ती गायब हो गए। निवेशकों ने महिनों तक उसकी खोजबीन की, लेकिन वह लापता रहा। इसके बाद ही प्रार्थियों ने कोतवाली थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। प्रार्थियों की शिकायत पर पुलिस ने आरोपित के खिलाफ धारा 420 के तहत मामला दर्ज किया है।
रिश्तेदार के घर छिपा था आरोपीः पुलिस ने आरोपित समीर चक्रवर्ती को हरियाणा के फरीदाबाद जिले के बल्लभगढ़ इलाके के परेवाखुर्द से गिरफ्तार किया है।
