राजनांदगांव। भाजपा आर्थिक प्रकोष्ठ के प्रांतीय प्रतिनिधि रायगढ़ जिले के प्रभारी एवं नगर के युवा जागरूक नेता राजेश गुप्ता अग्रहरि ने पेट्रोल डीजल के दामों में हुई अतिशय वृद्धि को डॉ मनमोहन सरकार की करनी का फल बताते हुए कहा कि यूपीए सरकार के समय जब डॉ. मनमोहन सिंह प्रधान मंत्री थे जब पेट्रोल का दाम 80 रूपये से पार हो गया था तब सरकार के हाथ से नियंत्रण को हटाते हुए पेट्रोल डीजल के दाम निर्धारण करने के लिए तेल कम्पनियों को सौप दीया था व उन्हें सब्सिडी भी दिया था। तब से रोज़ाना पेट्रोल के दाम को बढ़ाने का तेल कम्पनियों को हथियार मिल गया है और मनमाने ढंग से बढ़ाने लगे। मनमोहन सिंह की चालाक सरकार बढ़े हुए दाम जनता तक न आए और उनकी किरकिरी न हो इसलिए तेल कम्पनियों के लिए बांड जारी किया जिससे तेल के बढ़े हुए दाम उक्त बॉड के माध्यम से भरपाई करने आने वाली सरकारों के मत्थे डाल दिया। आज मनमोहन सरकार की उसी बॉड वाली करनी की कीमत मोदी सरकार और देश की जनता चुका रही है।
श्री गुप्ता ने कहा कि यदि कोरोना संकट नही आया होता और इस संकट के चलते रेल बंद नही होती जिसके चलते सरकार को हजारों करोड़ों का नुकसान उठाना पड़ा। कोरोना सेे लोगों की सुरक्षा के लिए वैक्सीन से लेकर आक्सीजन व अन्य साधनों के इंताजामात किये इस वजह से सरकारी धन ज्यादा से ज्यादा खर्च हो रहा है।
