राजनांदगांव , जिले में सड़क दुर्घटना में घायल होने वाले लोगों को अब तत्काल और कैशलेस इलाज की सुविधा मिलेगी। कलेक्टर जितेन्द्र यादव एवं एसपी अंकिता शर्मा ने जिले में पीएम-राहत (प्रधानमंत्री-रोड एक्सीडेंट विक्टिम हॉस्पिटलाइजेशन एण्ड एस्योरड ट्रीटमेंट योजना का प्रभावी क्रियान्वयन एवं पीड़ितों को तत्काल योजनांतर्गत लाभांवित किए जाने के संबंध में दिशा-निर्देश दिए हैं।
इस योजना के तहत् सड़क दुर्घटना में घायल पीड़ितों को गोल्डन ऑवर याने सड़क दुर्घटना के तुरंत बाद के महत्वपूर्ण समय में बिना किसी देरी के अस्पतालों में भर्ती कर अधिकतम 7 दिनों तक प्रति व्यक्ति अधिकतम डेढ़ लाख रुपए तक का कैशलेस उपचार जिले के पंजीकृत शासकीय एवं निजी चिकित्सालयों में निशुल्क उपलब्ध कराया जाएगा। प्रथम प्रकरण का मेडिकल कॉलेज राजनांदगांव में पंजीयन कर उपचार किया गया। 15 मार्च को मिनेश कोसरे उम्र 21 वर्ष निवासी ग्राम-पचपेडी, मौहाभांठा नाले के पास अपनी स्वयं की गाड़ी से नियंत्रण खोकर गिर गया। इसके कारण मरीज के सिर पर चोट लगी है। जिसे तत्काल उपचार के लिए पिता सुंदर लाल द्वारा मेडिकल कॉलेज लाया गया, जहां उन्हें योजना के अंतर्गत पंजीबद्व कर उपचार प्रारंभ किया गया। योजना में यह पहला प्रकरण है।
जिले में योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए जिले के समस्त 34 शासकीय अस्पताल जिसके अंतर्गत शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय पेंड्री, जिला चिकित्सालय बसंतपुर, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र डोंगरगांव, छुरिया, डोंगरगढ़. घुमका, सोमनी तथा समस्त प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों एवं जिले के कुल 37 निजी अस्पताल प्रभारी व संचालकों को प्रशिक्षण प्रदाय कर विस्तार के साथ जानकारी दी जा रही है।
