जिले में कोरोना पॉजिटिव की दर में लगातार गिरावट हो रही है। इससे बड़ी राहत की स्थिति बन रही है। लेकिन कम होते कोरोना के बीच लापरवाही भी बढ़ गई है। गुरुवार को ऐसी ही लापरवाही की तस्वीर साइंस कॉलेज से सामने आई। जहां असाइनमेंट जमा करने 300 से अधिक स्टूडेंट्स एक साथ पहुंच गए।
दोपहर से शाम तक यहां स्टूडेंट्स की भीड़ जुटी रही। कोरोना को लेकर सबसे राहत वाली स्थिति ग्रामीण इलाकों में सामने आई है। जिले के 1503 गांव अब पूरी तरह कोरोना मुक्त हो गए हैं। इन गांवों में कोरोना का एक भी एक्टिव केस नहीं हैं। यह जिला प्रशासन से लेकर स्वास्थ्य विभाग के लिए भी बड़ी राहत भरी स्थिति है। कोरोना की दूसरी लहर में सबसे अधिक संक्रमण दर ग्रामीण इलाकों में ही था, लेकिन अब तेजी से इसमें गिरावट हो रहा है। यही वजह है कि जिले के 1503 गांव में एक कोई भी मरीज नहीं हैं। इससे ब्लाक मुख्यालय में मौजूद मेडिकल टीम पर दबाव भी कम हुआ है। हालांकि इन गांवों में अब भी प्रोटोकॉल को लेकर सख्ती जारी है। ताकि आगे फिर से कोई इन गांवों में कोई चिंताजनक स्थिति निर्मित न हो सके।
असाइनमेंट जमा करने बिना ठोस प्लानिंग बुलाए
गुरुवार को साइंस कॉलेज में लापरवाही की स्थिति चरम पर ही। यहां 10 जून तक असाइनमेंट जमा करने का समय स्टूडेंट्स को दिया गया था, जिसके चलते गुरुवार को 300 से अधिक स्टूडेंट्स कालेज परिसर में एकत्रित हो गए। असाइनमेंट जमा करने के लिए केवल एक ही काउंटर बनाया गया था। जहां स्टूडेंट्स की कतार लग गई। कतार भी ऐसी कि सोशल डिस्टेसिंग की भी अनदेखी होती रही। लेकिन परिसर में व्यवस्था बनाए रखने कोई प्रयास नहीं किए।
अनुपस्थित हो जाने के डर से पर्चा जमा करने हड़बड़ी
जिले के लगभग सभी कॉलेजों में असाइनमेंट जमा करने की शुरुआत हो गई है। इसके चलते कॉलेज परिसर में भीड़ भी जुटने लगी है। एग्जाम से ऐबसेंट हो जाने के डर से परीक्षार्थी सुबह से शाम तक अपना पर्चा जमा करने की होड़ में भीड़ का हिस्सा बन रहे हैं। लेकिन कॉलेजों में मजबूत व्यवस्था नहीं बनाई गई है। जिससे संक्रमण का खतरा लगातार बढ़ रहा है। कॉलेजों में ऑफलाइन एग्जाम से भी ज्यादा खराब स्थिति निर्मित हो रही है। इससे फिक्र बढ़ गई है।
बाजार में भी लापरवाही पर रोज काट रहे हैं चालान
संक्रमण कम होने के बाद लापरवाही की स्थिति बाजार में भी देखने को मिल रही है। इसी के चलते रोजाना जुर्माने की कार्रवाई भी हो रही है। अनलॉक होने के बाद से लेकर अब तक निगम की टीम 35 हजार से अधिक का जुर्माना लगा चुकी है। टीम लगातार दुकानदारों व व्यापारियों को समझाइश दे रही है। इसके बाद भी लापरवाही कम नहीं हो रही है। जिसके चलते रोजाना जुर्माने की स्थिति बन रही है। संक्रमण को लेकर राहत की स्थिति बन रही है।
