राजनांदगांव . ज्येष्ठ अमावस्या के अवसर पर पति की दीर्घायु तथा सौभाग्य की कामना को लेकर महिलाओं ने वट सावित्री का वट रखा और विधि-विधान के साथ वट वृक्ष की पूजा-अर्चना की.
राष्ट्रीय पंचागों में इस बार ज्येष्ठ अमावस्या को दो दिनों तक बताया गया था. ज्येष्ठ अमावस्या के दिन वट सावित्री पर्व मनाने की परंपरा है. ज्येष्ठ अमावस्या का पर्व होने के चलते नांदगांव शहर तथा अंचलभर में महिलाओं ने श्रृंगारयुक्त होकर पति की दीर्घायु तथा मंगल कामना को लेकर वट वृक्ष की पूजा-अर्चना की. सामूहिक रूप से कथा का भी वाचन किया गया. वट वृक्ष की परिकल्पना के साथ धागे को वट वृक्ष में लपेटकर उनका आशीर्वाद लिया गया. इस दौरान विभिन्न प्रकार के पकवान भी वट वृक्ष को भेंट किए गए.
