दिग्विजय महाविद्यालय के हिंदी विभाग द्वारा आयोजित ऑनलाइन प्रमाणपत्र परीक्षा में देश के कुल १० प्रांतों के ३२७ प्रतिभागियों ने भाग लिया है. इस परीक्षा में दिग्विजय कॉलेज के शोधार्थी कैलाश कुमार ने सबसे अधिक ९० प्रतिशत अंक प्राप्त किया है. उल्लेखनीय है कि कैलाश कुमार डॉ. शंकर मुनि राय के निर्देशन में अटलबिहारी वाजपेयी के साहित्य में अनुसन्धान कर रहे है.
यह परीक्षा अनुसन्धान प्रविधि और हिंदी भाषा ज्ञान पर आधारित थी. यद्यपि इसका आयोजन अनुसन्धानी विद्यार्थियों की भाषाई ज्ञान के परीक्षण के लिए किया गया था, तथापि इसमें अन्य विद्यार्थियों सहित शिक्षकों, प्राध्यापकों और अन्य हिंदी प्रेमियों ने भाग लेकर अपने भाषाई ज्ञान का परीक्षण किया.
प्राचार्य डॉ. बीएन मेश्राम के निर्देशानुसार यह परीक्षा १२ से १६ मई २०२१ तक आयोजित थी. परीक्षा में सफल प्रतिभागियों को ऑनलाइन प्रमाणपत्र प्रदान किये गए. परीक्षा के बारे में हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. शंकर मुनि राय ने बताया कि कोरोना काल में लॉकडाउन के कारण पिछले साल से ही यह परीक्षा आयोजित की जा रही है. इस बार की परीक्षा में पीएचडी करने वाले विद्यार्थियों को ध्यान में रखकर प्रश्न तैयार किये गए थे. साथ ही इस बार उन प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र नहीं प्रदान किये गए जिन्होंने ४० प्रतिशत से कम अंक प्राप्त किये थे. परीक्षा में १०० अंकों के लिए कुल ५० प्रश्न थे, जिनके चार वैकल्पिक उत्तरों में से एक सही और तीन गलत थे.
डॉ. राय के अनुसार इस साल की परीक्षा में पिछले साल की अपेक्षा प्रतिभागियों की संख्या कम थी. इसका कारण यह था कि इस बार के प्रश्न पिछली परीक्षा की तुलना में कठिन थे. फिर भी छत्तीसगढ़ सहित उत्तरप्रदेश, बिहार, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, उड़ीसा, आँध्रप्रदेश, उत्तराखंड, दिल्ली और पांडिचेरी के प्रतिभागियों ने उत्साह के साथ भाग लिया.
बधाई : इस परीक्षा में सबसे अधिक अंक प्राप्त करने वाले शोधार्थी कैलाश कुमार को प्राचार्य डॉ. बीएन मेश्राम सहित हिंदी विभाग के प्राध्यापक डॉ. शंकर मुनि राय, डॉ, चंद्रकुमार जैन, डॉ. बीएन. जागृत, डॉ. नीलम तिवारी, डॉ. गायत्री साहू, डॉ. स्वाति दुबे. डॉ. भवानी प्रधान और कौशिक लाल बिशि ने बधाई दी है
