– राहत शिविर हेतु शासकीय भवन, स्कूल का चिन्हांकन का कार्य अतिशीघ्र पूर्ण करने के दिए निर्देश
– सीएमएचओ जल जनित बीमारियों के रोकथाम के लिए रखें तैयारियां पूर्ण, प्रभावित क्षेत्रों में लगाए स्वास्थ्य शिविर
– गर्भवती महिलाओं की करें मॉनिटरिंग, स्वास्थ्य केंद्रों तक पहुंचाने की सुविधा करें सुनिश्चित
– स्कूल, छात्रावास एवं आश्रमों में पानी उबाल कर प्रदान करने के दिए निर्देश
– कलेक्टर तुलिका प्रजापति ने ली बाढ़ राहत आपदा के संबंध में विशेष बैठक
मोहला। कलेक्टर तुलिका प्रजापति ने कलेक्टोरेट सभाकक्ष में बाढ़ राहत आपदा के संबंध में जिला स्तरीय बैठक ली। इस दौरान उन्होंने जिले में बारिश के मद्देनजर निर्मित हो रहे बाढ़ एवं जलभराव की स्थिति को देखते हुए जिला स्तरीय अधिकारियों को बचाव एवं राहत तैयारियों के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस अवसर पर एसपी यशपाल सिंग, सीईओ जिला पंचायत भारती चंद्राकर उपस्थित रही।
कलेक्टर प्रजापति ने सभी एसडीएम एवं राजस्व अधिकारियों को जिले में बारिश के कारण नदी के किनारे, बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों एवं बारिश से अवरुद्ध होने वाले नालों, मार्गों की जानकारी लेते हुए नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसे क्षेत्रों का पूर्व से चिन्हांकन सुनिश्चित करें, साथ ही कोटवारों के माध्यम से बाढ़ एवं जलभराव क्षेत्रों में सुरक्षा की दृष्टि से मुनादी करवाने के निर्देश दिए, ताकि जनधन की हानि से बचाया जा सके। इस दौरान उन्होंने सभी एसडीएम को सूचना प्रदान करने ग्रामवार नोडल बनाने के निर्देश दिए। कलेक्टर प्रजापति ने निर्देशित किया कि सभी ग्राम में राहत शिविर हेतु शासकीय भवन, स्कूल जैसे केंद्र का चिन्हांकन का कार्य अतिशीघ्र पूर्ण करें।
कलेक्टर प्रजापति ने सीएमएचओ को जल जनित बीमारियों के रोकथाम हेतु आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बाढग़्रस्त एवं प्रभावित क्षेत्रों का नियमित निरीक्षण करते हुए स्वास्थ्य शिविर लगाए। साथ ही गर्भवती महिलाओं की मॉनिटरिंग करते हुए उन्हें स्वास्थ्य केंद्रों तक पहुचाने की सुविधा सुनिश्चित करें। उन्होंने डेंगू, मलेरिया के संबंध में भी विशेष दिशा निर्देश दिए। इस दौरान सीएमएचओ ने संसाधनों एवं तैयारियों के संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि रैपिड टीम बनाया गया, जिसके माध्यम से त्वरित स्वास्थ्य सुविधा संबंधित क्षेत्रों में पहुंचाया जा सके। इसके साथ ही स्वास्थ्य केंद्रों एवं मितानिनों को पर्याप्त मात्रा में दवाइयां उपलब्ध करायी गई हैं।
उन्होंने महिला बाल विकास विभाग के भवनों की जानकारी लेते हुए निर्देशित किया कि जर्जर भवनों में बच्चे न बैठाते हुए वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करें, इसी प्रकार उन्होंने आदिवासी विकास एवं स्कूल शिक्षा विभाग को भी निर्देशित किया। साथ ही स्कूल, छात्रावास एवं आश्रमों में बच्चों को पानी उबाल कर प्रदान करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिन क्षेत्रों के स्कूलों के आस पास नदी नाले है, उनमें बच्चों के आवाजाही पर विशेष ध्यान रखें। इस दौरान उन्होंने मातृत्व एवं शिशु सुपोषण पर विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए। उन्होंने सिंचाई विभाग से जलाशयों के जल भराव की स्थिति की जानकारी लेते हुए, कंट्रोल रूम बनाने संबंधी निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने जिन क्षेत्रों में निर्माणाधीन मार्ग एवं पुल के कारण असुविधा निर्मित हो रही है, उनके लिए वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश एनएच एवं सेतु को दिए।
एसपी यशपाल सिंह ने बाढ़ एवं राहत हेतु सूचना तंत्र मजबूत करने के निर्देश दिए, ताकि समय रखते राहत पहुंचाया जा सके। उन्होंने कहा कि पुलिस प्रशासन की ओर हरसंभव सहायता प्रदान की जाएगी। बैठक में एसडीएम मोहला हेमेन्द्र भुआर्य, एसडीएम मानपुर अमित नाथ योगी, डिप्टी कलेक्टर दुकालू राम ध्रुव सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
