रायपुर. आज के समय में जीवनशैली और खानपान की अनियमितता की वजह से 99 फीसद बीमारियां सामने आ रही हैं। सोने उठने से लेकर नियमित दिनचर्चा की अनियमितता तो देखने को मिलती है। लोग आहार के रूप में स्वस्थ आहार भी नहीं ले पाते हैं। इसका असर स्वास्थ्य पर सीधे दिखाई देता है। यह बात राजधानी में आयोजित चेंज लाइफ स्टाइल एंड डाइट अवेयरनेस प्रोग्राम में सीनियर डाइटीशियन श्रद्धा द्विवेदी ने कही।डाइटीशियन श्रद्धा ने बताया कि भाग दौड़ के बीच हम अपनी जीवनशैली पर ध्यान नहीं दे पाते हैं। इसके कारण लोगों में ज्यादातर लाइफ स्टाइल से जुड़ी बीमारियां जैसे शुगर, बीपी, मानसिक तनाव, पेट से जुड़ी समस्या सामने आती हैं। इन बीमारियों के बाद अलग-अलग तरह की दिक्कतें शुरू हो जाती हैं। ऐसे में सुबह उठने, सोने, खाने का समय निर्धारित करें। भोजन में ताजा खाना, हरी सब्जियों, फल, सलाद का अधिक उपयोग करें। तेल युक्त आहार, फास्ट फूड जैसी चीजों को परहेज करें।
इधर, स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. शिल्पा पवार चौरसिया ने बताया कि गर्भवती महिलाओं की खानपान का विशेष ध्यान रखने की जरूरत है। डॉ. शिल्पा ने बताया कि गर्भवतियों को प्रोटीन, विटामिन, मिनरल से भरपूर आहार जैसे हरी सब्जियां, सलाद, ताजा दही, फल, नारियल पानी, फाइबर राइस, रोटी जैसे आहार लेना जरूरी होता है। थोड़े समय के अंतराल में पौष्टिक आहार लेते रहना चाहिये।बता दें डॉ. शिल्पा और डाइटीशियन श्रद्धा द्विवेदी द्वारा सुपोषण अभियान के तहत माताओं और बच्चों के लिए समय समय पर जागरूकता अभियान चलाया जा रहा हैं। जागरूकता कार्यक्रम के दौरान आयोजकों द्वारा बच्चों को उपहार देकर उन्हें प्रेरित किया गया कि वे पौष्टिक भोजन करें और अपनी जीवनशैली को अच्छा बनाएं।
