राजनांदगांव। केंद्रीय विद्यालय पेंड्री में कक्षा-1 के प्रवेश में प्रायोजक अभिकरण के कर्मचारी के बच्चों की चयन प्रक्रिया में अनियमितता हुई है, जिसकी शिकायत छत्तीसगढ़ पैरेन्ट्स एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष क्रिष्टोफर पॉल ने कलेक्टर से कर जांच की मांग की है। केंद्रीय विद्यालय संगठन मुख्यालय नई दिल्ली और केंद्रीय विद्यालय संगठन क्षेत्रीय कार्यालय बेंगलुरू के पत्र के अनुसार अध्यक्ष, केंद्रीय विद्यालय द्वारा कक्षा-1 में प्रवेश के लिए प्रायोजक अभिकरण के कर्मचारी के बच्चों के लिए प्रत्येक वर्ग के लिए आरक्षित 5 सीट को वरीयता क्रम के अनुसार ही अनुशंसा कर सकता है, किन्तु केंद्रीय विद्यालय राजनांदगांव में इस नियम की अवहेलना की गई है। केंद्रीय विद्यालय राजनांदगांव में कक्षा-1 के प्रवेश में प्रायोजक अभिकरण के कर्मचारी के बच्चों की वरीयता सूची को धता बताए अध्यक्ष केंद्रीय विद्यालय द्वारा सूची में से बच्चों को बीच से मनमाने ढंग से किया गया है, जिससे पात्र बच्चे प्रवेश मिलने से वंचित हो गये है और वे बच्चे जिनकी वरीयता, वरीयता सूची में नीचे थी, वे अपनी पहचान और प्रभाव के कारण केंद्रीय विद्यालय में प्रवेश पाने में सफल हो गये है। अध्यक्ष, केंद्रीय विद्यालय द्वारा की गई नियम विरूद्ध प्रक्रिया से भ्रष्टाचार की संभावना बढ़ने के साथ केंद्रीय विद्यालय की प्रवेश निर्देशिका की आत्मा व शुचिता भी धूमिल हो रही है। वहीं केंद्रीय विद्यालय प्रबंधन भी इस मामले पर अध्यक्ष, केंद्रीय विद्यालय को नियमों से अवगत कराने के बजाये, मौन धारण कर पात्र अभ्यर्थियों को प्रवेश से वंचित कर किस हित को साधने में लगा है, यह समझ से परे है।
