सभी गौठानों में वर्मी कम्पोस्ट निर्माण कार्य में गति लाने के सख्त निर्देश दिए
राजनांदगांव 25 अगस्त । कलेक्टर टोपेश्वर वर्मा ने कलेक्टोरेट के सभाकक्ष में वीडियो कांफ्रेसिंग के जरिए समय-सीमा की बैठक ली। कलेक्टर वर्मा ने कहा कि जिले के नगरीय तथा ग्रामीण क्षेत्रों में कोविड-19 मरीजों की संख्या बढ़ रही है। इसे रोकने के लिए शासन द्वारा निर्धारित प्रोटोकॉल का कड़ाई से पालन करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि सभी मास्क तथा सोशल डिस्टेसिंग का पालन जरूर करें। उन्होंने ग्राम पंचायत स्तर पर सरपंच, सचिव के माध्यम से प्रचार-प्रसार करने के निर्देश सभी जनपद पंचायतों के सीईओ तथा सीएमओं को दिए हैं। कलेक्टर वर्मा ने सर्विलेंस टीम को एक्टिव करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि प्रत्येक ग्राम में इस टीम के माध्यम से घरों में जाकर सर्दी, खांसी, बुखार के साथ अन्य बीमारियों की जानकारी लें तथा सर्दी, खांसी, बुखार के लक्षणों वाले मरीजों का सैम्पल लेकर जांच कराएं। उन्होंने सैम्पल रिपोर्ट आने तक होम आईसोलेशन में रहने के लिए कहा है। इसके लिए उन्होंने लोगों से सहयोग की अपील की है। उन्होंने कोरोना मरीज के प्राइमरी कॉन्टेक्ट में आने वाले व्यक्तियों द्वारा सैम्पल नहीं देने पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि जिन घरों से कोरोना मरीज आ रहे हैं उनके परिवार के सदस्य घर में ही रहे ताकि संक्रमण न फैले। उन्होंने सर्विलेंस टीम के माध्यम से लोगों में जागरूकता लाने के लिए कहा है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग की टीम सरपंच, सचिव के माध्यम से ग्रामीणों के संपर्क में रहे जिससे जरूरत पडऩे पर उन्हें तत्काल स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराई जा सके।
कलेक्टर वर्मा ने वर्मी कम्पोस्ट निर्माण की प्रगति पर गहरी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि जिन गौठानों में गोबर खरीदी की जा रही है वहां सभी वर्मी बैड में वर्मी कम्पोस्ट का निर्माण होना ही चाहिए और इस कार्य को प्राथमिकता से करें। उन्होंने कहा कि पूरे मापदण्ड के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण वर्मी कम्पोस्ट का निर्माण होना चाहिए। उन्होंने कहा कि सर्व शिक्षा अभियान के तहत कमरे, अतिरिक्त कक्ष, शौचालय निर्माण की स्वीकृति दी गई है। इसका निर्माण कार्य तत्काल शुरू करें। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत हितग्राहियों को किश्त दिलाने तथा इस वर्ष लक्ष्य के अनुसार निर्माण कार्य करने को कहा है। उन्होंने ग्राम पंचायत भवन निर्माण कार्य को समय पर पूरा करने के निर्देश दिए हैं। श्री वर्मा ने कहा कि प्रत्येक ग्राम पंचायतों में बैंक सक्रिय गतिविधि होनी चाहिए। इसके लिए बैंक सखी को एक्टिव करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि गांव में बैंक सखी के माध्यम से पैसों का हस्तांतरण किया जाए। जिससे लोगों को बैंक आने की जरूरत न हो और बैंकों में भीड़ भी न रहे।
कलेक्टर वर्मा ने कहा कि कोविड-19 में स्कूल, आंगनबाड़ी संचालित नहीं होने पर भी सामग्रियों का वितरण रेडी-टू-इट तथा अन्य सेवाएं गुणवत्तापूर्ण होनी चाहिए। उन्होंने टीकाकरण, एएनसी चेकअप समय पर करने को कहा है। वर्मा ने गिरदावरी कार्य की समीक्षा करते हुए कहा कि इसकी ऑनलाईन एन्ट्री होनी चाहिए। उन्होंने राजस्व, कृषि, उद्यानिकी विभाग के कर्मचारियों की टीम बनाने के निर्देश दिए। जिससे फसल अनावरी, फसल बीमा तथा अन्य कार्य समन्वय के साथ कर सकें। उन्होंने मौसम को ध्यान में रखते हुए सभी तहसील में बाढ़, सूखा तथा फसलों की स्थिति पर निगरानी रखने को कहा है। उन्होंने पशुओं को बीमारियों से बचाने के लिए पशु चिकित्सकों से फिल्ड में कार्य करने के निर्देश दिए।
बैठक में वनमंडलाधिकारी राजनांदगांव बीपी सिंह, वनमंडलाधिकारी खैरागढ़ रामावतार दुबे, जिला पंचायत की सीईओ तनुजा सलाम, एसडीएम राजनांदगांव श्री मुकेश रावटे, एसडीएम खैरागढ़ निष्ठा पाण्डेय, डिप्टी कलेक्टर लता उर्वशा सहित जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे। वीडियो कांफ्रेसिंग के जरिए अनुविभाग एवं विकासखंड स्तरीय अधिकारी भी जुड़े रहे।
