राजनांदगांव अविभाजित राजनांदगांव और कबीरधाम को मिलाकर चार जिले के करीब 2 लाख 64 हजार 948 किसानों को 3 अरब 54 करोड़ 55 लाख रुपए बोनस दिया जाएगा। राज्य सरकार सुशासन दिवस के अवसर पर 25 दिसंबर को किसानों के खाते में बोनस की राशि हस्तांतरित करेगी। अफसरों ने बोनस वितरण की तैयारी की है। बोनस वितरण को लेकर किसानों में उत्साह है।
कल धान खरीदी केन्द्रों में, गांव, ब्लॉक और जिला स्तर पर सुशासन दिवस मनाने की तैयारी की गई है। मुख्य कार्यक्रम राजनांदगांव विकासखंड के ग्राम टेड़ेसरा में आयोजित किया जाएगा।
अफसरों ने बोनस वितरण करने की तैयारी को लेकर बैठक की। अविभाजित राजनांदगांव में 2 अरब 38 करोड़ 47 लाख रुपए बोनस का वितरण होगा। पांच साल पहले भाजपा की सरकार में अंतिम 2 सालों का बोनस किसानों को नहीं दिया जा सका था। इसके बाद प्रदेश में पांच साल कांग्रेस की सरकार काबिज रही। भाजपा ने विधानसभा चुनाव से पहले प्रदेश में भाजपा की सरकार बनने पर किसानों को पुराना 2 साल का बोनस देने की घोषणा की थी। इस पर अब अमल किया जा रहा है। भाजपा की घोषणा अनुसार अब प्रति क्विंटल 3100 रुपए के हिसाब से 20 की जगह 21 क्विंटल प्रति एकड़ धान लिया जा रहा है। 25 दिसंबर को क्रिसमस का अवकाश रहेगा। कबीरधाम जिले में साल 2014-15 में 43419 किसानों ने 19 लाख क्विंटल धान बेचा था। उन्हें 5792.28 लाख रुपए बोनस का भुगतान होगा। साल 2015-16 में 42944 किसानों ने करीब 20 लाख क्विंटल धान बेचा था। उन्हें 6130.79 लाख रुपए का बोनस भुगतान किया जाएगा। दो सालों में 86363 किसानों ने 40 लाख क्विंटल धान बेचा था उन्हें 11932.07 लाख रुपए का बोनस भुगतान प्रति क्विंटल 300 रुपए के हिसाब से बोनस मिलेगा।
जिला किसान संघ के प्रमुख सुदेश टीकम ने बताया कि विगत सात सालों से प्रदेश एवं जिले के किसान दो साल के बोनस की मांग कर रहे थे। बोनस की मांग पर जिला किसान संघ के बैनर तले किसानों ने प्रदेश में अभियान चलाया और प्रदर्शन भी किया था। सात साल संघर्ष के बाद भाजपा सरकार किसानों को दो साल का पुराना बकाया बोनस दे रही है यह किसानों के लिए खुशखबरी है। इस राशि से किसानों को रबी सीजन में किसानी करने में राहत मिलेगी।
एमएमसी जिले में साल 2014-15 में 14446 किसानों ने 60 लाख क्विंटल धान बेचा था। उनका 1781.51 लाख का भुगतान होगा। साल 2015-16 में 9269 किसानों ने 24 लाख क्विंटल धान बेचा था। उन्हें 718.69 लाख का भुगतान होगा। दो साल में यहां कुल 23715 किसानों ने 83 लाख क्विंटल धान बेचा उनको अब प्रति क्विंटल 300 रुपए बोनस की राशि 2500.20 लाख रुपए का भुगतान किया जाएगा।
राजनांदगांव जिले में वर्ष 2014-15 के दौरान 61140 किसानों ने लगभग 30 लाख क्विंटल धान विक्रय किया था। उन किसानों को 8937.36 लाख रुपए का भुगतान होगा। वहीं साल 2015-16 में 44340 किसानों ने 17 लाख क्विंटल धान बेचा था। उन्हें 5093.57 लाख का भुगतान होगा। दो सालों में कुल 105480 किसानों ने 47 लाख क्विंटल धान बेचा उन्हें दो साल का 14030.93 लाख रुपए प्रति क्विंटल 300 रुपए बोनस मिलेगा। सुशासन दिवस के इंतजार में किसान उत्साहित हैं।
केसीजी जिले में वर्ष 2014-15 में 26857 किसानों ने करीब 13 लाख क्विंटल धान बेचा था। उन्हें 3985.57 लाख का भुगतान होगा। वहीं साल 2015-16 में 22533 किसानों ने 10 लाख क्विंटल धान बेचा था। उन्हें 3015.64 लाख का भुगतान होगा। केसीजी जिले में दो साल में 49390 किसानों ने 23 लाख क्विंटल धान बेचा था। प्रति क्विंटल 300 रुपए बोनस के हिसाब से उन्हें 7001.21 लाख रुपए बोनस राशि का भुगतान किया जाएगा। इसकी तैयारी हो चुकी है।
