बालोद इस खरीफ सीजन जिले के 143 केंद्रों मंे समर्थन मूल्य पर 68 लाख 50 हजार क्विंटल धान खरीदी का लक्ष्य रखा गया है। जिसके अनुरूप 15 दिसंबर तक 23 लाख 77 हजार 590 क्विंटल धान खरीदी हो चुकी है। इस लिहाज से 31 जनवरी तक यानी डेढ़ माह में 44 लाख 725 हजार 410 क्विंटल खरीदी के बाद लक्ष्य हो पाएगा।
शासकीय अवकाश के चलते शनिवार को जिले के 143 केंद्रों में धान खरीदी बंद रही। रविवार व सोमवार को भी लगातार दो दिन खरीदी बंद रहेगी। सोमवार को गुरु घासीदास जयंती होने से केंद्र बंद रहेंगे। ऐसे में मंगलवार से धान खरीदी होगी।
खाद्य विभाग के अनुसार इस खरीफ सीजन जिले के 143 केंद्रों मंे एक नवंबर से 15 दिसंबर तक 60 हजार 852 किसान 23 लाख 77 हजार 590 क्विंटल धान बेच चुके हैं। जिसमें से 19 लाख 47 हजार 46 क्विंटल धान का उठाव करने डीएमओ ने राइस मिलर्स को डीओ आदेश जारी किया है। शुक्रवार शाम तक 13 लाख 316 क्विंटल धान का उठाव हो चुका था। इस लिहाज से अब तक 10 लाख क्विंटल धान केंद्रों में जाम है। हालांकि दावा किया जा रहा है कि पहले की तुलना में अब परिवहन की रफ्तार बढ़ी है।
जिला खाद्य अधिकारी टीआर ठाकुर ने बताया कि 19 दिसंबर को जिले के 143 केंद्रों में 1 लाख 71 हजार क्विंटल धान बेचने के लिए 4 हजार 125 किसानों को टोकन जारी हो चुका है। हालांकि यह स्थिति शुक्रवार शाम तक की है। समितियों के माध्यम से टोकन जारी होने पर आंकड़े बढ़ने का अनुमान है। कई समिति से देर शाम तक रिपोर्ट भेजी जाती है। जिसको अगले दिन काउंट किया जाता है। खरीदी का डेली लिमिट का दायरा बढ़ाने शासन से मांग करेंगे, ताकि सभी पंजीकृत किसान निर्धारित समय पर धान बेच सकें। गौरतलब है कि समर्थन मू्ल्य में धान खरीदी में डेली लिमिट न बढ़ने पर ब्लॉक कांग्रेस कमेटी ने किसानों के समर्थन में आंदोलन करने की चेतावनी दी है।
इस सीजन शासन ने प्रति एकड़ 20 क्विंटल धान खरीदने का निर्णय लिया है। पिछले साल प्रति एकड़ 15 क्विंटल के हिसाब से खरीदी हुई थी। लिहाजा इस बार खरीदी लक्ष्य ज्यादा रखा गया है। इस बार 68 लाख 50 हजार क्विंटल धान खरीदी का लक्ष्य रखा गया है। जो पिछले साल की तुलना में 10 लाख 50 हजार क्विंटल ज्यादा है। पिछले सीजन 58 लाख क्विंटल धान खरीदी का लक्ष्य रखा गया था। वहीं 2021-22 में 59 लाख क्विंटल धान खरीदी का लक्ष्य था। विभागीय अफसरों के अनुसार अधिकांश किसान दिसंबर के अंतिम सप्ताह और जनवरी में धान बेचने के लिए केंद्रों में पहुंचेंगे।
जिला खाद्य विभाग के अनुसार जिले के सभी ब्लॉक में धान बेचने के लिए पात्र नए व पुराने किसानों की संख्या 1 लाख 49 हजार 195 है। इस लिहाज से अब तक 88 हजार 343 किसान धान बेच नहीं पाए हैं। जबकि खरीदी के लिए सिर्फ डेढ़ माह का समय बाकी है। इसमें भी 16 दिन शासकीय अवकाश के चलते किसान धान बेच नहीं पाएंगे क्योंकि खरीदी केंद्र बंद रहेंगे। इस सीजन पहली बार 10 हजार 496 किसानों ने समर्थन मूल्य पर धान बेचने पंजीयन कराया है। हालांकि विभागीय अफसरों के अनुसार पंजीयन कराने वाले सभी किसान किसी न किसी कारण से धान बेच नहीं पाते।
