शिवपुरी
फिजिकल थानांतर्गत खिन्नी नाके पर स्थित होटल युवराज में सोमवार को एक छात्रा की संदिग्ध मौत का मामला दो दिन बाद भी अबूझ पहेली बना हुआ है। फिलहाल पुलिस भी मामले में कुछ स्पष्ट रूप से बताने को तैयार नहीं है। फिलहाल मर्ग कायम कर मामले की विवेचना की बात कही जा रही है। उल्लेखनीय है कि 16 फरवरी को सेसई निवासी नैनसी पुत्र राजू राठौर उम्र 20 साल सुबह घर से कॉलेज का फार्म भरने जाने की बात कह कर गांव के अंकुश रावत के साथ खिन्नी नाके के पास स्थित होटल युवराज में पहुंची थी। जहां उसकी संदिग्ध हालातों में मौत हो गई।
फिलहाल मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है। पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के उपरांत ही कुछ बता पाने की बात कह रही है। पुलिस ने अंकुश रावत नाम के जिस युवक को हिरासत में लिया था उसे भी छोड़ दिया है। इस मामले में बुधवार को जब होटल युवराज के स्टाफ से घटना के संबंध में जानकारी जुटाने का प्रयास किया तो स्टाफ ने बताया कि सोमवार को लड़का-लड़की दोनों एक साथ कार में सवार होकर सुबह करीब 11:15 बजे होटल पहुंचे थे।
उन्होंने कमरा नंबर 308 बुक किया। लगभग दो घंटे बाद लड़का, लड़की को बेहोशी की हालत में लेकर नीचे आया और बताया कि अचानक इसकी तबीयत खराब हो गई है। होटल स्टाफ के अनुसार लड़के के कहने पर उन्होंने मदद करके लड़की को कार में रखवाया और वह चला गया। स्टाफ की मानें तो उन्हें प्रथम दृष्टया कमरे में फांसी जैसा कुछ नजर नहीं आया। इसके बाद पुलिस ने कमरे को सील कर दिया है। कमरे की चाबी टीआई मेडम के पास है।
अभी पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं आई, लड़का फांसी लगाना बता रहा
टीआईइस मामले में फिजिकल थाना प्रभारी टीआई नम्रता भदौरिया का कहना है कि लड़के ने प्रारंभिक पूछताछ में यह बताया कि, लड़की उस पर शादी का दबाव बना रही थी, उसने फिलहाल शादी करने से यह कहते हुए इनकार कर दिया कि, वह शादी तो घर वालों की मर्जी से ही करेगा। इसके बाद लड़की ने फांसी लगा ली। हालांकि लड़के की कमरे में मौजूदगी के दौरान लड़की द्वारा फांसी लगा पाने के संबंध में टीआई का कहना है कि लड़के के अनुसार वह जब बाहर चला गया था, तब लड़की ने अपने दुपट्टे से फांसी लगाई, जबकि होटल के स्टाफ की मानें तो लड़का-लड़की जब कमरे में गए उसके बाद कोई भी होटल से बाहर नहीं निकला।







